सिरसा। बैठक करते हुए कुलपति प्रो विजय कुमार। प्रवक्ता
सिरसा। चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय में शोभा देवी रामानंद बंसल भारतीय ज्ञान परंपरा केंद्र की सलाहकार बोर्ड की बैठक वीरवार को कुलपति कार्यालय के बैठक कक्ष में आयोजित हुई। केंद्र की निदेशक डॉ. संजू बाला ने बताया कि केंद्र की शैक्षणिक एवं अकादमिक गतिविधियों से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श किया गया है। बैठक के प्रमुख एजेंडा बिंदुओं में संस्कृत भाषा के प्रचार-प्रसार के लिए आधारभूत पाठ्यक्रम की शुरुआत करने का निर्णय लिया गया।
इस कोर्स का संचालन संस्कृत भारती के सहयोग से होगा और संस्कृत के व्यावहारिक पक्ष पर यह कोर्स केंद्रित होगा। इस अवसर पर कुलपति प्रो. विजय कुमार ने कहा कि भारतीय ज्ञान परंपरा हमारी शिक्षा प्रणाली की आत्मा है। संस्कृत जैसे मूलभूत विषयों के माध्यम से विद्यार्थियों को अपनी सांस्कृतिक एवं बौद्धिक विरासत से जोड़ना समय की आवश्यकता है।
यह केंद्र न केवल अकादमिक शोध को प्रोत्साहित करेगा, बल्कि भारतीय ज्ञान परंपरा को समकालीन संदर्भों से जोड़ने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने आशा व्यक्त की कि सलाहकार बोर्ड की यह बैठक केंद्र की भावी योजनाओं को नई दिशा प्रदान करेगी। भारतीय ज्ञान परंपरा के संरक्षण, संवर्धन और प्रचार-प्रसार में मील का पत्थर सिद्ध होगी।
कुलपति ने केंद्र की निदेशक को केंद्र का एकेडमिक कैलेंडर तैयार करने का भी निर्देश दिया। उन्होंने निदेशक को निर्देश दिए कि इस केंद्र के माध्यम से क्षेत्र की सामाजिक समस्याओं को पहचान कर उनके निवारण की जागरूकता के साथ-साथ परंपरागत ज्ञान प्रणाली से समाज को अवगत भी करवाना होगा।
इस अवसर पर शैक्षणिक मामलों के अधिष्ठाता प्रो. सुशील कुमार, कुलगुरु के तकनीकी सलाहकार प्रो. पंकज शर्मा, जेएनयू नई दिल्ली के प्रो. मनीष कश्यप, शोभा देवी रामानंद बंसल फाउंडेशन की तरफ से डॉ कुमुद बंसल माैजूद रहे।