बैठक में मौजूद विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी व किसान।
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गोरीवाला। डबवाली बिश्नोई धर्मशाला में अखिल भारतीय किसान सभा, हरियाणा किसान एकता डबवाली, भारतीय किसान यूनियन चढूनी, भारत भूमि बचाओ संघर्ष समिति, सीआईटीयू, राष्ट्रीय किसान संगठन हरियाणा के पदाधिकारी व नौ गांव के किसानों की बैठक हुई। बैठक में मुख्य रूप से भारतमाला एनएच 754 के नेशनल हाईवे से प्रभावित किसानों व अन्य मुद्दों पर 4 घंटे चर्चा हुई।
सभी जन संगठनों ने चर्चा के बाद अगले संघर्ष के लिए भारतमाला संयुक्त संघर्ष मोर्चा का गठन किया। मोर्चे में जसवीर सिंह भाटी, मलकीत सिंह खालसा, गुरु प्रेम सिंह, एसपी सिंह मसीतां, मुखपाल सिंह, एडवोकेट खुशदीप सिंह, गुरतेज सिंह, कॉ. राकेश फगोड़िया, कामरेड नत्थू राम भारुखेडा़, सोहनलाल भारुखेडा़, राजरानी व विशाल सिंह पदाधिकारी चुने गए। संगठन के नेता मुख्य रूप से गांव में प्रचार करेंगे। मोर्चे का गठन करने के बाद बैठक में तय हुआ की 21 जनवरी से डबवाली के भारतमाला से पीड़ित नौ गांव के साथ-साथ सभी गांव में 24 जनवरी तक प्रत्येक गांव चौपाल में जनसंपर्क करेंगे। सभी किसानों व मजदूरों से जनसंपर्क कर लामबंद करेंगे। जिसके बाद 25 जनवरी को किसान व मजदूर वर्ग सिरसा रोड पर महापड़ाव लगाएंगे। भारतमाला आंदोलन के साथ-साथ नशा तस्करों के खिलाफ जोरदार लड़ाई जारी रखेंगे। भारतमाला संयुक्त संघर्ष मोर्चा ने कहा जब तक सभी 9 गांव के किसानों के बाकी अवार्ड व किसानों की जायज मांगों को धरातल पर लागू नहीं किया जाता तब तक वे किसी भी सूरत में हाईवे का निर्माण नहीं होने देंगे। प्रशासन द्वारा कब्जाई गई भूमि का 25 जनवरी को महापड़ाव में फैसला लिया जाएगा।