डिंग मंडी। रेलवे स्टेशन के मुख्य गेट के पास स्थित वर्षों पुरानी सरकारी इमारत डंपिंग प्वाइंट और गंदे पानी के तालाब में बदल चुकी है। यह इमारत पहले राजकीय स्कूल और फिर पशु चिकित्सालय बना। पिछले पांच वर्षों से डिंग के लोग इस जर्जर हालत भवन का गिरने का इंतजार कर रहे हैं।
भवन की खाली जगह पर गंदा पानी और गंदगी होने के कारण दुकानदारों और लोगों का रहना मुहाल हो गया है। मौजूदा समय में बदबू और मच्छरों के कारण बीमारियों फैलने का खतरा बढ़ गया है। कई बार रेलवे प्रशासन व प्रशासन से गुहार लगाने के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हुआ है।लोगों ने बताया कि यह जगह शिक्षा बोर्ड के अधीन आती है।
शिक्षा बोर्ड की ओर से कोई ध्यान नहीं दिया जाता है। इस स्थान पर लगातार गंदा पानी जमा रहता है। अब पूरा इलाका मच्छरों व दुर्गंध से भरा रहता है। लोग खुले में कचरा डाल जाते हैं, जिससे बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। इसके आसपास करीब 15 दुकानें और 20 के करीब लोगों के घर है। इनका यहां पर काम करना और रहना मुश्किल हो गया है ।
-गर्मी और बरसात दोनों के समय यहां पर बुरे हालात हो जाते हैं। गंदा पानी बहकर बाहर आने लगता है। मच्छर व कई तरह के जहरीले जीव पैदा हो जाते है। इससे कई प्रकार की एलर्जी होने का खतरा बढ़ जाता है। इस माहौल के कारण इस एरिया में ग्राहकों का आना भी कम हो गया है। मच्छर और बदबू से सभी परेशान हैं। कई बार प्रशासन को शिकायत की, लेकिन कोई सफाई नहीं हुई।
- योगेश, दुकानदार
हम कई बार खुद सफाई कर चुके हैं लेकिन पानी की निकासी नहीं होने के कारण पानी जमा हो जाता है। सीवरेज के गंदे पानी की जैसी बदबू आती है । कई बार सांप भी निकले है। ये जगह अगर शिक्षा बोर्ड के पास है तो जिम्मेदारी तय होनी चाहिए।
- परमजीत , दुकानदार
-यह जमीन पहले गोदारा परिवार की थी, जिसे स्कूल के लिए दिया गया था। बाद में यह स्थान पशु अस्पताल बना और अब लंबे समय से लावारिस हालात में पड़ा है। वर्तमान में यह जगह शिक्षा बोर्ड के अधीन है। प्रशासन से कई बार अनुरोध किया गया कि इसे साफ किया जाए या फिर से किसी सरकारी उपयोग में लाया जाए, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।
- दरिया सिंह, सरपंच , डिंग मंडी