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स्वच्छ सर्वेक्षण: एक टीम ने नप कार्यालय में खंगाला सफाई व्यवस्था का रिकार्ड

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अमर उजाला ब्यूरो
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सिरसा।
नगर में स्वच्छ सर्वेक्षण का कार्य शनिवार क ो भी जारी रहा। टीम ने परिषद अधिकारियों को साथ न लेकर अकेले ही नगर का दौरा कर पब्लिक फीडबैक लिया तो दूसरी सदस्या ने कार्यालय में बैठकर सफाई से संबंधित और नगर को स्वच्छ बनाने की दिशा में किए गए कार्यों के दस्तावेजों की जांच करने और उन्हें मंत्रालय की साइट पर अपलोड करने का काम करती रही। जांच के दौरान टीम को केवल आठ स्कूलाें में ही स्वच्छता कमेटी के गठन के बारे में पता चला। उधर, लोग इस सर्वे को महज खानापूर्ति करार दे रहे हैं।
केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय करवी एजेंसी के माध्यम से स्वच्छता सर्वेक्षण करवा रहा है। इस टीम के सदस्यों ने नगर परिषद के वाहनों और अधिकारियों का सहारा नहीं लिया। टीम अन्य वाहन लेकर नगर के भ्रमण पर निकल पड़ी, जबकि परिषद के अधिकारी कार्यालय में बैठकर इंतजार करते रहे। टीम का नेतृत्व कर रही पूनम रानी अपने दो सहयोगियों के साथ एक कॉलोनी से दूसरी कॉलोनी जाती रहीं।
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दूसरी तरफ नगर परिषद कार्यालय में ही मिनिस्ट्री ऑफ हाउसिंग एंड अर्बन की सीनियर असेसर मंजूरानी ने शहर को स्वच्छ बनाए रखने के लिए किए गए प्रबंधों से संबंधित दस्तावेज एकत्रित किए। इनमें सार्वजनिक शौचालय, जनता को सफाई के लिए प्रेरित करने के लिए लगाए गए होर्डिंग्स, बकरियांवाली स्थित कूड़ा प्रबंधन प्लांट की वर्तमान स्थिति, सफाई कर्मचारियों की संख्या, उन्हें बांटे गए क्षेत्र, कूड़ाघर, मोबाइल शौचालय, ओडीएफ की वर्तमान स्थिति, रैक टिक्कर आदि से संबंधित दस्तावेज शामिल थे। कागजों की जांच के बाद मंजूरानी कागजों को मंत्रालय की साइट पर अपलोड करने का काम करती रहीं। इस मौके पर मुख्य सफाई निरीक्षक देवेंद्र बिश्नोई, सफाई निरीक्षक और स्वच्छता सर्वे अभियान के नोडल अधिकारी अनिल नैन, सफाई दारोगा पवन आदि ने उन्हें दस्तावेज उपलब्ध करवाए।
फील्ड में जाने वाली टीम की इंचार्ज पूनम रानी ने शनिवार को अपने सहयोगियों के साथ अपने स्तर पर ही मंत्रालय द्वारा दिए जाने वाले दिशा-निर्देश के आधार पर विभिन्न कॉलोनियों में जाकर वहां के लोगों से पूछताछ की। टीम ने यह सर्वे गुप्त आधार पर किया, जिसकी जानकारी नगर परिषद के मुख्य सफाई निरीक्षक तक को नहीं थी। उक्त टीम शनिवार को सबसे पहले बेगू रोड स्थित कल्याण नगर गई थी और वहां सर्वे किया था। उक्त टीम को एक दिन में 200 मकानों में जाकर कूड़ा उठाने वाले कर्मचारियों के आने, गली में प्रतिदिन झाडू़ लगाने, सार्वजनिक शौचालय होने और उसकी प्रतिदिन सफाई होने आदि से संबंधित प्रश्न पूछे और उन्हें मौके पर ही अपने मोबाइल के माध्यम से मंत्रालय की वेबसाइट पर अपलोड किया।
आठ स्कूलों में बनी स्वच्छता कमेटी पर जताया असंतोष
इस दौरान सीनियर असेसर मंजूरानी के माध्यम से मंत्रालय बैठे अधिकारियों ने सरकारी स्कूलों में स्वच्छता बनाए रखने के लिए गठित की गई कमेटियों की रिपोर्ट मांगी तो उन्हें बताया गया कि वहां अभी आठ स्कूलों में ही स्वच्छता कमेटियां गठित की गईं हैं। इस पर मंत्रालय ने असंतोष जाहिर करते हुए कहा कि सिरसा जिले में 700 प्राथमिक, 96 सीनियर सेकेंडरी तथा 93 हाई स्कूल हैं तो ऐसे में अभी तक केवल आठ स्कूलों में ही कमेटियां गठित करना बेहद अफसोसजनक परिणाम हैं।
इस पर मुख्य सफाई निरीक्षक देवेंद्र बिश्नोई और सफाई निरीक्षक अनिल नैन ने बताया कि 20 दिसंबर को ही उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी को स्कूलों में स्वच्छता कमेटियां गठित करने के लिए पत्र लिखा है। धीरे-धीरे सभी स्कूलों में कमेटियां गठित करवा दी जाएंगी।
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उधर, जिला शिक्षा अधिकारी डॉ. यज्ञदत्त वर्मा से पूछा गया तो उन्होंने बताया कि नगर में आठ ही सरकारी स्कूल हैं और सभी में कमेटियों का गठन किया हुआ है। परिषद की ओर से नगर के स्कूलों में कमेटी गठित करने का पत्र मिला था जहां कमेटी बना दी गई है। जिले के अन्य स्कूलों में कमेटी का गठन हो चुका है और जहां नहीं है वहां करवाया जाएगा, क्योंकि फिलहाल अवकाश चल रहे हैं।
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