अमर उजाला ब्यूरो
सिरसा। एनएचएम कर्मचारी संघ हरियाणा के आह्वान पर सिरसा के नागरिक अस्पताल में एनएचएम कर्मचारी तीसरे दिन वीरवार को भी हड़ताल पर डटे रहे। हड़ताल के कारण स्वास्थ्य सेवाओं पर मामूली असर रहा।
इस मौके पर जिला प्रधान कुंदन गावड़िया ने कहा अगर उनकी मांगें नहीं मानी गई तो वे संघर्ष जारी रखेंगे। उन्होंने कहा कि अगर एनएचएम कर्मचारियों की एकता इसी प्रकार जारी रही तो वो दिन दूर नहीं जब सरकार को इन कर्मचारियों को भी नियमित कर्मचारी मानने के लिए मजबूर होना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार द्वारा एक जनवरी 2018 से एनएचएम सेवा नियम लागू किए थे। जिसके तहत कर्मचारियों को पे-स्केल के तहत वेतन निर्धारित किए गए थे। परंतु अधिकारियों के मनमाने रवैये के चलते कर्मचारियों को पिछले 8 माह से वेतन भी प्रदान नहीं किया जा रहा है। एनएचएम कर्मचारी पिछले 20 सालों से लगातार अपनी सेवा स्वास्थ्य विभाग में जनहित को प्रदान कर रहे हैं। जिसके कारण लगभग कर्मचारी ओवर एज हो गए हैं। जिससे वे किसी अन्य नौकरी के लिए भी अप्लाई नहीं कर सकते। इस मौके पर डा. अतुल गिजवानी, अंशु मुंजाल, कमल कक्कड़, अनिल मलिक, सुरेंद्र बैनीवाल, कविंद्र अरोड़ा, डॉ. राजप्रीत बराड़, सीमा रानी, कविता रानी, माही, सुमन, पूनम सहित समस्त महिला कर्मचारी व अन्य कर्मचारी मौजूद थे।
ये हैं मांगें:
कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में सेवा नियम में संशोधन।
7वें वेतनमान की सिफारिशें लागू करना।
स्थायी सेवा सुरक्षा प्रदान करना शामिल हैं।