अमर उजाला ब्यूरो
सिरसा। बुधवार को आम आदमी पार्टी ने थेहड़ के विस्थापित परिवारों के साथ लघु सचिवालय के समक्ष प्रदर्शन किया। यह रोष मार्च हुडा स्थित हाउसिंग बोर्ड कालोनी से शुरू होकर लघु सचिवालय में दोपहर साढ़े 12 बजे पहुंचा। प्रदर्शनकारी लघु सचिवालय के गेट के बाहर धरना देकर बैठ गए। इसके बाद उन्होंने प्रशासन और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
विरोध में थालियां बजाई। प्रदर्शनकारी डीसी को ज्ञापन सौंपना चाहते थे, लेकिन तहसीलदार के आने के कारण उन्होंने उसे ज्ञापन सौंपने से इंकार कर दिया। करीब तीन घंटे के प्रदर्शन के बाद आप और थेहड़वासियों ने डीडीपीओ प्रीतपाल को ज्ञापन सौंप कर धरना खत्म किया।
धरने पर उपस्थित जिलाध्यक्ष विरेन्द्र कुमार एडवोकेट ने बताया थेहड़ के 850 विस्थापित परिवारों के पुनर्वास के तहत माननीय उच्च न्यायालय का आदेश है कि थेहड़ के मकानों को पुनर्वास नीति के तहत खाली करवाया जाए। परंतु न्यायालय के आदेश को एकतरफा लागू करते हुए सरकार ने 850 मकानों को तुड़वाकर विस्थापित परिवारों को हुडा के फ्लैट्स में अस्थाई तौर पर रखा हुआ है। मकान खाली करवाते समय पुरातत्व विभाग के डायरेक्टर प्रवीण कुमार ने सरकार की तरफ से विस्थापित परिवारों की लिखित तौर पर आश्वासन दिया था कि दो माह के अंदर विस्थापित परिवारों को प्लाट व मलबे की एवज में मुआवजा राशि दिलवा दी जाएगी। परंतु दो वर्ष के बाद भी विस्थापित परिवारों को न तो प्लाट आवंटित किए गए हैं और ही मलबे की मुआवजा राशि दिलवाई गई है। दोपहर 12 बजकर 45 मिनट पर प्रदर्शनकारियों ने उपायुक्त कार्यालय में प्रवेश करने का प्रयास किया। लेकिन पुलिस जवानों ने प्रदर्शनकारियों को अंदर जाने से रोकने के लिए बेरिकेट लगा दिए। प्रदर्शनकारियों की अगुवाई कर रहे आम आदमी पार्टी के जिला अध्यक्ष वीरेंद्र कुमार ने गेट पर तैनात पुलिस जवानों से आग्रह किया कि उन्हें उपायुक्त से मिलने अंदर जाने दिया जाए या फिर उपायुक्त को धरना स्थल पर बुलाया जाए। लेकिन पुलिस ने अंदर जाने से इंकार कर दिया। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में कहासुनी हो गई। प्रदर्शनकारी और आप कार्यकर्ताओं ने कहा कि वे तब तक धरने से नहीं उठेंगे, जब तक उपायुक्त ज्ञापन लेने नहीं आएंगे।
तहसीलदार बोले- मुझे दे दो ज्ञापन
लघु सचिवालय पर प्रदर्शन कर रहे थेहड़वासियों के पास तहसीलदार मोहन लाल एक बजकर 15 मिनट पर आए। उन्होंने कहा कि आप मुझे ज्ञापन दे दें, मैं उपायुक्त को पहुंचा दूंगा। लेकिन प्रदर्शनकारियों ने कहा कि हमें तो उपायुक्त को ही ज्ञापन सौंपना है। तहसीलदार ने कहा कि उपायुक्त बहुत व्यस्त हैं। वे आज नहीं मिल पाएंगे। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि जब तक उपायुक्त धरनास्थल पर पहुंच कर उनकी समस्याएं नहीं सुन लेते। तब तक वे यहां से नहीं जाएंगे। इसके बाद तहसीलदार ने उन्हें उपायुक्त से मिलने के लिए पांच व्यक्तियों की एक कमेटी का गठन करने के लिए कहा।
कमेटी बनाई, लेकिन नहीं मिले उपायुक्त
प्रदर्शनकारियों की अगुवाई कर रहे आम आदमी पार्टी के जिला अध्यक्ष वीरेंद्र कुमार, आम आदमी पार्टी फतेहाबाद के जिला अध्यक्ष लक्ष्य गर्ग, कश्मीर सिंह व दो महिलाएं उपायुक्त कार्यालय गए। लेकिन करीब 15 मिनट इंतजार करने के बाद भी उपायुक्त से मुलाकात नहीं हो पाई। उपायुक्त को ज्ञापन सौंपने पहुंची कमेटी के सदस्य लक्ष्य गर्ग ने बताया पांच सदस्यों की कमेटी को उपायुक्त के कक्ष में नहीं जाने दिया। आखिरकार उनको धरनास्थल पर वापस लौटना पड़ा। इससे नाराज प्रदर्शनकारियों ने लघु सचिवालय ने के पूरे रास्ते को घेर लिया। उन्होंने लघु सचिवालय के अंदर प्रवेश करने वाले मार्ग को रोक दिया। लघु सचिवालय के अंदर न तो कोई वाहन प्रवेश कर पाया और न ही निकल पाया। इसके बाद दोबारा से प्रदर्शनकारियों को डीडीपीओ प्रीतपाल सिंह से मिलवाने के लिए लेकर जाया गया। डीडीपीओ प्रीत पाल सिंह ने प्रदर्शनकारियों से ज्ञापन लिया। डीडीपीओ ने आश्वासन दिया कि उनकी समस्या का जल्द की निवारण करवा दिया जाएगा।