अमर उजाला ब्यूरो
ओढां (सिरसा)।
अतिरिक्त मुख्य सचिव विरेन्द्र कुंडू ने बड़ागुढ़ा के खंड कार्यालय में जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक लेते हुए उन्हें उचित दिशा-निर्देश दिए। बैठक उपरांत उन्होंने रोड़ी की अनाज मंडी, पुलिस थाना और स्कूल का भी निरीक्षण किया। ग्राम सरपंच और अन्य लोगोें ने मुख्य सचिव के समक्ष अनेक समस्याएं रखते हुए उनके निवारण की मांग की। बड़ागुढ़ा कार्यालय में बैठक के दौरान उन्होंने कहा कि अधिकारी ईमानदारी एवं समर्पण भावना से कार्य करें ताकि आमजन को न केवल सरकारी योजनाओं का लाभ मिले अपितु उनकी आर्थिक दशा में भी बदलाव आ सके। मुख्य सचिव ने कहा कि बड़ागुढ़ा खंड के गांवों को परिवर्तन योजना के तहत विकसित किया जाएगा। परिवर्तन योजना बारे बताते हुए कहा कि ये महत्वपूर्ण योजना है, जिसमें उपमंडल कालांवाली के खंड बड़ागुढ़ा को शामिल किया गया है। अधिकारी गांवों में शिक्षा, कृषि, स्वास्थ्य एवं कौशल विकास को रेखांकित करें जोकि परिवर्तन योजना का मूल मंत्र है। परिवर्तन योजना में प्रदेश के 46 ब्लॉक चिह्नित किए गए हैं। उन्होंने यह भी कहा कि इस खंड में भूमिहीन परिवारों का किस प्रकार उत्थान किया जाए। इस पर सभी अधिकारी चिंतन और मंथन करें ताकि उनका सामाजिक व आर्थिक उत्थान हो सके। खेल अधिकारी को निर्देश दिए कि वे ब्लॉक में बने खेल स्टेडियमों की स्टेटस रिपोर्ट सरपंच के साथ मिल कर तैयार कर स्टेडियमों का रख रखाव व उपयोग करें।
मुख्य सचिव बोले क्षेत्र में नशे की क्या स्थिति
बड़ागुढ़ा खंड कार्यालय में अधिकारियों की बैठक लेने उपरांत मुख्य सचिव रोड़ी की ओर रवाना हो गए। रोड़ी में उन्होंने सर्वप्रथम अनाज मंडी में जाकर व्यवस्था का जायजा लेते हुए किसानों की समस्याएं सुनी। इस दौरान किसानों और आढ़ती वर्ग ने उनके समक्ष मंडी में उठान न होने की समस्या रखी। उन्होेंने कहा कि मंडी में उठान होने की वजह से पैर धरने तक की जगह नहीं बची है। ऐसे में उन्हें अपनी फसल कच्चे में उतारनी पड़ रही है। मुख्य सचिव ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि उठान कार्य में तेजी लाई जाए, ताकि किसानों को फसल बेचने में कोई परेशानी न आए। मंडी में करीब 15 मिनट तक जायजा लेने के बाद मुख्य सचिव रोड़ी थाना में पहुंचे। इस दौरान उन्होंने ग्राम सरपंच और थाना प्रभारी से पूछा कि क्षेत्र में नशे की क्या स्थिति है। इस बात पर सरपंच मेजर सिंह भट्ठी ने कहा कि नए थाना प्रभारी के आने के बाद नशे पर काफी अंकुश लगा है। उन्होंने थाना प्रभारी से कहा कि क्षेत्र में नशे व शरारती तत्वों पर पूरी निगरानी रखते हुए प्रभावी रूप से कार्रवाई करें। थाने में करीब आधे घंटे रुकने के बाद मुख्य सचिव राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में पहुंचे। इस दौरान उन्होंने विद्यालय प्रबंधन से शिक्षा व सरकार द्वारा मिल रही सुविधाओं बारे चर्चा की। वहीं, उन्होंने पशुपालन विभाग के अधिकारी से नस्ल सुधार एवं विभागीय योजनाओं की भी जानकारी ली।
सरपंच ने गिनवाई समस्याएं
सरपंच मेजर सिंह भट्ठी ने मुख्य सचिव के समक्ष अनेक समस्याएं रखते हुए निवारण की मांग की। गांव के स्कूल स्टाफ बारे अवगत करवाते हुए कहा कि स्कू ल में पिछले काफी समय से स्टाफ के काफी पद खाली पड़ें हैं। उन्होंने ये भी कहा कि विद्यार्थियों की शिक्षा को देखते हुए पंचायत की तरफ से कुछ माह के लिए विषय प्रवक्ता रखकर जैसे तैसे काम चलाया जा रहा है। सरपंच ने प्राथमिक स्वास्थ्य के न्द्र में रिक्त स्टाफ बारे अवगत करवाते हुए कहा कि पीएचसी में 2 चिकित्सक हैं, जिनमें से एक चिकित्सक को डेपुटेशन पर भेजा गया है। ऐसे में लोगों को समय पर उपचार नहीं मिल पा रहा। उन्होंने महिला चिकित्सक व अन्य स्टाफ की नियुक्ति की मांग रखी। सरपंच व अन्य ने मुख्य सचिव को अवगत करवाया कि मार्केट कमेटी द्वारा बनाई गई सड़कें लंबे समय से खस्ताहाल हालत में हैं जिनकी तरफ विभाग कोई ध्यान नहीं दे रहा। इस बात पर मुख्य सचिव ने एसडीएम कालांवाली को समस्या का समाधान करने के लिए कहा। इस दौरान गांव में पेयजल समस्या का मुद्दा भी उठा। लोगों ने कहा कि गांव के अधिकांश हिस्सों में पानी की सुचारू रूप से आपूर्ति नहीं हो पा रही। वहीं, लोगों ने कहा कि वे वीटा मिल्क प्लांट की ओर से स्थापित की गई डेयरियों पर लोग काफी समय से दूध डालते रहे हैं लेकिन उन्हें अभी तक उनके पैसे नहीं मिले। मुख्य सचिव ने सभी समस्याओं व मांगों को ध्यानपूर्वक सुनते हुए उनके निवारण का आश्वासन दिया।