पारा पहुंचा 46 पार, गर्मी से लोगों का बुरा हाल
अमर उजाला ब्यूरो
सिरसा।
सूर्यदेव के प्रचंड प्रकोप के कारण गर्मी बढ़ती जा रही है। रविवार को पारा 46 पार कर गया। दिनभर लू चलने से लोगाें को परेशानी हुई। न्यूनतम तापमान भी बढ़ता रहा है जिस कारण रात को भी गर्मी से राहत नहीं मिलती। आज 30.2 डिग्री न्यूनतम तापमान रिकॉर्ड किया गया।
आज दिन भर सूर्यदेव के तलखी तेवरों के चलते भीषण गर्मी रही। पारा 46.5 पर पहुंच गया, जबकि न्यूनतम तापमान भी 30.2 डिग्री रहा। गर्मी के मौसम में शीतल पेय पदार्थों की बिक्री दो से तीन गुणा बढ़ गई। पिछले कुछ दिनों से गर्मी लगातार बढ़ती जा रही है। देर शाम तक गर्मी के तेवर ज्यों के त्यों बरकरार थे। मौसम के जानकारों के अनुसार दो दिन बाद मौसम में परिवर्तन आएगा। जिसके बाद गर्मी से कुछ राहत मिलेगी। आने वाले तीन-चार दिनों में पारा कुछ होने की उम्मीद है पर उसके बाद फिर से पारा ऊंचा जाएगा। आज इस मौसम का सबसे अधिक गर्म दिन रहने के कारण लोगाें का जीना बेहाल हो गया। शीतल पेय पदार्थों की बिक्री बढ़ गई। आवारा पशुओं और पक्षियों के लिए मुश्किलें बढ़ गई हैं। अभी तक कहीं पेयजल की व्यवस्था नहीं की गई है।
मुंह ढककर निकलें बाहर
सुबह 11 बजे से ही लू चलनी शुरू हो गई थी। दिन में घरों से बाहर निकलने वाले लोगाें ने मुंह को कपड़े से ढांप कर बाहर आने में समझदारी समझी। दोपहिया वाहन चालकों ने काले रंग के शीशे वाले चश्मे पहनकर आंखों को धूप से बचाने का प्रयास किया।
जगह-जगह लगी आइसक्रीम की रेहड़ियां
गर्मी के प्रचंड प्रकोप के कारण आइसक्रीम की रेहड़ियों की संख्या बढ़ गई है। शहर में 10 आइसक्रीम की फैक्ट्रियां हैं जिनकी एक हजार से अधिक रेहड़ियां जगह-जगह पर लगने लगी हैं। इसी प्रकार गन्ने के जूस की करीब तीन सौ रेहड़ियां शहर के विभिन्न क्षेत्रों में लगने लगी हैं। गर्मी से राहत दिलाने वाले तरबूज की बिक्री भी बढ़ गई है। पांच दिन पूर्व तरबूज का रेट 10 रुपये प्रति किलो ग्राम था जो अब 22 रुपये प्रति किलो ग्राम हो गया है। सड़कों के किनारे तरबूज के ढेर लगे हुए हैं जहां से लोग खरीददारी कर रहे हैं। गन्ने के जूस की रेहड़ी लगाने वाले गुलशन का कहना है कि एक सप्ताह पर पूर्व तक वह दिन में एक सौ से डेढ़ गिलास जूस बेचता था पर अब दो दिन से पांच सौ गिलास तक की बिक्री हो रही है।
बच्चों को रखें बचा के : डॉ. वीरेश
डिप्टी सिविल सर्जन वीरेश भूषण ने कहा कि गर्मी के मौसम में स्वयं को विशेषकर बच्चों को लू से बचा कर रखें अन्यथा उल्टी-दस्त लग सकते हैं। उन्होंने कहा कि इस मौसम में सूती वस्त्र ही धारण करें। बच्चों को घर से बाहर निकालते समय सूती कपड़ा ओढ़ा लें। बच्चों को नंगे पांव भी न घूमने दें। उन्होंने बताया कि सभी लोग इस मौसम में नींबू-चीनी का घोल पीते रहें और तली हुई चीजों और वासी भोजन से परहेज करें। उन्हाेेंने बताया बुखार, खांसी और उल्टी दस्त होने पर डॉक्टर से परामर्श लेकर ही दवा लेें।