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Sirsa News: डिब्बे में दम तोड़ रहे 13 वेंटिलेटर, 14 को विशेषज्ञों की दरकार

Wed, 24 Jul 2024 03:41 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
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नागरिक अस्पताल के आईसीयू वार्ड में रखे वेंटिलेटर। संवाद 
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संवाद न्यूज एजेंसी
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सिरसा। स्वास्थ्य विभाग को पीएम केयर फंड से मिले 27 वेंटिलेटर में 13 वेंटिलेटर बंद बॉक्स में दम तोड़ रहे हैं। अस्पताल में 14 वेंटिलेटर जरूर इंस्टाल किए गए हैं, लेकिन इनको चलाने के लिए न तो विशेषज्ञ है और न ही प्रशिक्षित स्टाफ। जरूरत पड़ने पर बाहर से विशेषज्ञ को बुलाना पड़ता है। विभाग के अधिकारियों का कहना है कि विशेषज्ञ के लिए मुख्यालय मांग भेजी गई है।
2020 में जब कोरोना की लहर आई थी तो संक्रमण से लोग बीमारी से ग्रस्त तो हुए थे, लेकिन मौतों का स्तर इतना नहीं था, लेकिन 2021 में दूसरी लहर एक तरह से कहर बरपाना वाली थी। सिरसा जिले में ऑक्सीजन व वेंटिलेटर न मिलने के कारण 516 लोगों की जान भी चली गई थी। इसके बाद पीएम केयर फंड से सरकार ने जिले में 27 वेंटिलेटर भेजे थे। फिलहाल सिरसा में 14 वेंटिलेटर चालू हालत में हैं। 10 वेंटिलेटर ट्रामा सेंटर में लगे हैं, जबकि 4 वेंटिलेटर शिशु वार्ड में हैं, लेकिन इनको चलाने के लिए कोई विशेषज्ञ चिकित्सक नहीं है। आपात स्थिति में मरीजों के लिए निजी तौर पर विशेषज्ञ को बुलाना पड़ता है। 13 वेंटिलेटर अभी भी डिब्बे में बंद हैं। हैरानी की बात तो यह है कि करीब चार साल का समय बीत जाने के बाद भी इन वेंटिलेटर को इंस्टॉल नहीं किया गया है।
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डबवाली और ऐलनाबाद में ही रखे हैं वेंटिलेटर, नहीं होता इलाज

स्वास्थ्य विभाग की ओर से डबवाली और ऐलनाबाद स्थित अस्पताल में भी वेंटिलेटर की सुविधा उपलब्ध है। कोरोना काल में यहां 2-2 वेंटिलेटर भेजे गए थे। यहां पर स्टाफ को वेंटिलेटर के संचालन को लेकर जानकारी न होने के कारण मरीजों को इसका लाभ नहीं मिल पाता।
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जिला मुख्यालय के नागरिक अस्पताल व दो उपमंडल अस्पतालों में 27 वेंटिलेटर हैं। इनमें से 14 वेंटिलेटर चालू हालत में हैं। 13 वेंटिलेटर बॉक्स में रखे हुए हैं, क्योंकि इनकी अधिक आवश्यकता नहीं होती। नागरिक अस्पताल में ऑक्सीजन प्लांट लगा हुआ है और ऑक्सीजन की कोई कमी नहीं है। वेंटिलेटर चलाने के लिए स्पेशलिस्ट चिकित्सक नहीं है, जिसके लिए उच्चाधिकारियों को पत्र लिखा गया है। - महेंद्र भादू, सीएमओ, सिरसा।
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