रोहतक। गर्मी और उमस से लोग बेहाल हैं। पिछले एक सप्ताह से बाइलवाई होती है और फिर मौसम साफ हो जाता है। इस बीच छिटपुट बूंदाबांदी से राहत के बजाय उमस बढ़ी है। लोग अब बारिश की राह देख रहे हैं। खेतों में धान सूखने के कगार पर है। वहीं डॉक्टरों की सलाह है कि इस मौसम में बच्चों को बाजार की चीजें देने से परहेज करें।
मौसम विभाग के अनुसार मानसून ट्रफ दक्षिण की तरफ बने रहने से बारिश की गतिविधियों में कमी देखने को मिल रही है। विभाग के अनुसार मानसून टर्फ की अक्षय रेखा दक्षिण से अब सामान्य स्थिति उत्तर की तरफ बढ़ने की संभावना है, इससे बारिश की गतिविधियां 21 जुलाई देर रात्रि के बाद बढ़ सकती है। 22 से 24 जुलाई तक हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। इस दौरान बीच-बीच में बादल छाए रहने और तेज हवा चलने से दिन के तापमान में गिरावट की भी संभावना है।
बारिश न होने से खेतों से नमी गायब
धान की रोपाई चल रही है। इस फसल को काफी मात्रा में पानी की आवश्यकता होती है, लेकिन बारिश न होने से खेतों की नमी खो गई है। करीब 72 हजार हेक्टेयर में धान की रोपाई होनी थी। कम बारिश होने के कारण अबतक जिले में सिर्फ 30 हजार हेक्टेयर ही धान की रोपाई हो पाई है। कम बारिश के कारण धान की बिजाई भी प्रभावित हुई है।
उमस से लोग बेहाल
उमस भरी गर्मी से लोग बेहाल हैं। दिनभर एसी, कूलर व पंखों के पास बैठकर अपना ज्यादातर समय बिता रहे हैं। लोग पसीने से तरबतर हो जा रहे हैं। ऐसे में अगर बिजली कट लगते हैं तो लोग परेशान हो जाते हैं।
शरीर में पानी का स्तर बनाकर रखें
इस मौसम में शरीर में पानी का स्तर बनाकर रखें। साफ पानी पीएं। जरा भी पानी की गुणवत्ता को लेकर संशय हो तो पानी को अच्छे से उबालने के बाद ठंडा होने पर ही ग्रहण करें। बार-बार सिर पर ठंडा पानी न डालें। इस मौसम में बच्चों पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। बच्चे को बाजार की खाने-पीने की चीजें न दें। -डॉ. रोहित कपूर, एचडीयू हेड, सामान्य अस्पताल