रोहतक। एंटी रेबीज वैक्सीन लगने के बाद अमेरिका में हुई आठ वर्षीय बच्ची की मौत मामले में स्वास्थ्य विभाग व जिला प्रशासन हरकत में नजर आ रहा है। एडीसी नरेंद्र सिंह ने मामले में संज्ञान लेते हुए सोमवार को स्वास्थ्य विभाग, नगर निगम व पीजीआई के अधिकारियों के साथ बैठक की। यहां श्रीनगर कॉलोनी में बच्ची के घर के आसपास के कुत्तों को वैक्सीन लगाने का निर्देश दिया। इधर, पीजीआई के निवारक व सामाजिक चिकित्सा विभाग ने सीलबंद एंटी रेबीज वैक्सीन जांच के लिए अपने कब्जे में ले ली।
अब पीजीआई में एंटी रेबीज वैक्सीन लगाते समय सतर्कता बरती जा रही है। वैक्सीन लगवाने आ रहे पीड़ितों को वजन के बाद उसी हिसाब से वैक्सीन लगाने की व्यवस्था की गई है। अब कुत्ते के काटने पर हल्का घाव व खरोंच होने पर एंटी रेबीज वैक्सीन की डोज घाव पर ही दी जाएगी। इससे पहले केवल श्रेणी तीन का घाव होने पर ही घाव में वैक्सीन दी जाती थी। एडीसी नरेंद्र सिंह ने अधिकारियों को उसे कुत्ते को पकड़ने के निर्देश दिए, जिसने बच्ची को काटा था। वहीं, आसपास के सभी आवारा कुत्तों को वैक्सीन लगाने के निर्देश दिए हैं। भारतीय रोग नियंत्रण एवं रोकथाम केंद्र (एनसीडीसी) की टीम ने वैक्सीन बॉक्स को सीलबंद किया था। सोमवार को इस बॉक्स को पीजीआई के निवारक और सामाजिक चिकित्सा विभाग ने जांच के लिए कब्जे में लिया है।
पीजीआई में पंपलेट लगा एंटी रेबीज की दे रहे जानकारी
आठ साल की बच्ची के दिमाग में एंटी रेबीज वैक्सीन के अंश मिलने का मामला सामने आया था। इसकी जांच की जा रही है। कुत्ते के काटने पर बचाव के लिए जागरूकता फैलाने के लिए पीजीआई में आपातकालीन विभाग के बाहर पंपलेट लगाए गए हैं। एंटी रेबीज वैक्सीन लगवाने आ रहे लोगों का वजन कर वैक्सीन की डोज दी जा रही है।
बच्ची के दिमाग में एंटी रेबीज वैक्सीन के अंश मिलने के मामले में एडीसी ने सोमवार को जिला स्वास्थ्य विभाग, नगर निगम, पीजीआई के अधिकारियों के साथ बैठक की। इसमें लोगों को कुत्तों के काटने से बचाव के प्रति जागरूक करने व आवारा कुत्तों को वैक्सीन लगाने का निर्णय लिया है।
- डॉ. एसके सिंघल, निदेशक पीजीआई।