22सीटीके27...यूपीएसई परीक्षा पास करने वाली इंदुबाला अपने पति यश के साथ नीम करौली धाम के दर्शन
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रोहतक। करौंथा की बहू व महेंद्रगढ़ के सिहोल की बेटी इंदू बाला धनखड़ आईपीएस बनी हैं। इन्हें यूपीएससी परीक्षा में 541वीं रैंक मिली है।
इंदू की सफलता में सास डॉ. राजेश धनखड़ का विशेष योगदान है। सास ने खुद चूल्हा संभाल कर पुत्रवधू के लिए सपने संजोए।
इससे पहले दो बार साक्षात्कार प्रक्रिया तक पहुंच कर बैरंग लौटी इंदू बाला ने तीसरी बार में सफलता हासिल की। इस सफलता से पूरे परिवार में खुशी का माहौल है। डॉ. राजेश धनखड़ ने बताया कि बहू के हाथ की रोटी खाने के बजाय खुद रसोई संभाली।
परिवार ने अपनी बहू का पूरा ध्यान रखा। पढ़ाई के अलावा कोई काम नहीं दिया। बहू ने भी कड़ी मेहनत कर परीक्षा की तैयारी की और सबका मान बढ़ाया। पत्नी की सफलता में पति यश ने भी उनकी परीक्षा की तैयारी में पूरा सहयोग दिया। इंदू का सपना सिविल सेवा में जाने का था। निजी कंपनी से प्लेसमेंट जॉब के रूप में मिली 17 लाख रुपये वार्षिक की नौकरी तक छोड़ दी।
एमडीयू में प्रोफेसर हैं सास : एमडीयू में पर्यावरण विज्ञान विभाग की प्रोफेसर डॉ. राजेश धनखड़ पत्नी सुरेंद्र सिंह ने बताया कि उनकी पुत्रवधू ने दिल्ली टेक्नोलॉजिकल यूनिवर्सिटी से कंप्यूटर साइंस में एमटेक करने के बाद गेट व नेट परीक्षा पास की। शिक्षण क्षेत्र में न जाकर इंदू की रुचि सिविल सेवा में जाने की थी, इसलिए निजी कंपनी से मिला अच्छा खासा पैकेज छोड़ यूपीएससी की तैयारी की। शादी के चार साल बाद यूपीएससी क्रेक कर खुद को साबित किया।