रोहतक। श्रीराम मंदिर, सेक्टर 14 में चल रही श्रीमद् भागवत कथा के दौरान रविवार को तुलसी विवाह कार्यक्रम का आयोजन किया गया। माता तुलसी और शालिग्राम का विवाह संपन्न करवाया गया। विवाह के बाद प्रसाद वितरित किया गया।
कथा व्यास सत्यदेव महाराज ने कहा कि तुलसी विवाह का आयोजन केवल धार्मिक परंपरा नहीं बल्कि यह भक्ति, समर्पण और जीवन में संतुलन का प्रतीक है। भगवान शालिग्राम और तुलसी माता का यह विवाह भक्तों के जीवन में शुद्धता और प्रेम का संचार करता है। इस अवसर पर नरेश, गुलेश, पवन, डॉ. परवीन, अंजू, ज्योति आदि मौजूद रहे। संवाद