झज्जर। शहर में लगभग चार माह पहले विभिन्न मार्गों पर लगी तिरंगा लाइट खराब होने लगी हैं। खराब लाइट को फिर से ठीक करने का भी काम नहीं किया जा रहा।
नगर परिषद ने ठेकेदारों के माध्यम से तिरंगा लाइट लगवाने का काम किया था। 16 लाख रुपये की लागत से लगभग 450 लाइट लगाई जानी थी, लेकिन अब तक पूरी लाइट नहीं लगी है। वहीं, 4 माह में ही लगाई गई तिरंगा लाइट खराब होने लगी हैं। पिछले एक माह से यह लाइट बहादुरगढ़ रोड, गुरुग्राम रोड, सिलानी गेट से इनेलो कार्यालय, बीकानेर चौक के आसपास खराब पड़ी हैं। सबसे ज्यादा खराब लाइट गुरुग्राम रोड पर हैं। यहां लगभग 25 तिरंगा लाइट खराब होकर बंद हो चुकी हैं या आधी जल रही हैं। गुरुग्राम रोड पर यह लाइट राव तुलाराम चौक से सेक्टर-6 तक लगी हुई हैं। इसमें से अधिकतर तिरंगा लाइट अब खराब हो चुकी हैं, लेकिन इनको ठीक नहीं किया जा रहा।
अब तक पूरी नहीं लगी लाइट
नगर परिषद ने लोकसभा चुनाव से पहले शहर में तिरंगा लाइट लगाने के लिए टेंडर जारी किया था। उस समय इसका एस्टीमेट लगभग 22 लाख रुपये बनाया गया था। बाद में टेंडर जारी होने पर इसे 16 लाख रुपये में फाइनल किया गया। शहर में लगभग 450 तिरंगा लाइट स्ट्रीट लाइट के पोल पर लगाई जानी थी, लेकिन 4 माह बाद भी पूरी तिरंगा लाइट नहीं लगी
शुरू से ही विवादों में रहा हैं तिरंगा लाइट का टेंडर
तिरंगा लाइट का टेंडर शुरू से ही विवादों में रहा है। पोल पर 36 मीटर लंबी तिरंगा लाइट लगाई जानी थी, लेकिन ठेकेदार ने 18 मीटर लगा दी। उसके बाद नप की तरफ से नोटिस भी दिया गया। उसके बाद बची तिरंगा लाइट को लगाने का काम बंद कर दिया गया। इसे पूरा नहीं करने पर नगर परिषद अधिकारियों की तरफ से ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए लिखा गया, लेकिन उस फाइल को भी दबा दिया गया।
वर्जन
ठेकेदार को खराब या बंद पड़ी सभी तिरंगा लाइट को ठीक करने के लिए लिखा गया है। जल्द ही सभी तिरंगा लाइट को दोबारा ठीक करवा दिया जाएगा। जो तिरंगा लाइट लगना बाकी है, उसे भी जल्द लगवा दिया जाएगा।
-मनजीत दहिया, एक्सईएन, नगर परिषद, झज्जर