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Rohtak News: पीजीआई में पीने को पानी की बूंद तक नहीं, गर्मी में एसी बंद होने से छूटे पसीने

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30-दर्शना,बवानी खेड़ा
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रोहतक। प्रदेश के सबसे बड़े चिकित्सा संस्थान पीजीआई में मरीज व उनके सहायक सोमवार को पानी की एक-एक बूंद को तरस गए। यहां चिकित्सक, एलटी व अन्य स्टाफ को हाथ धोने तक का पानी नहीं मिला। यही नहीं, पानी नहीं होने से सेंट्रलाइज एसी भी दिन भर बंद रहा।
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100 करोड़ से बनी ओपीडी में लोग दिन भर पसीने से तरबतर नजर आए। राहत के लिए पंखे चलाए तो इनसे भी गर्म हवा ही मिली। हालात ये हैं कि पीजीआई का जलघर सूख चला है। इसमें मुश्किल से दो दिन का पीने लायक पानी शेष है।
नहर बंद होने के कारण यह हालात बने हैं। फिलहाल नहर में पानी एक जून तक आने की उम्मीद है। ऐसे में हालात और बिगड़ना तय है। पीजीआई में सोमवार को बड़ी संख्या में मरीज इलाज के लिए पहुंचे। इस कारण यहां काफी भीड़ बनी रही। दिनभर में करीब छह हजार से अधिक मरीज व करीब इतने ही उनके परिजन ओपीडी में आए।
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करीब तीन हजार से अधिक पीजीआई के कर्मचारी भी पहुंचे। ऐसे में संस्थान में एक ही दिन में करीब 15 हजार से अधिक लोग पहुंचे। इस भीड़ के चलते ओपीडी में दिन भर गर्मी बनी रही। लोग पसीने से नहाए नजर आए। ऐसा नहीं है कि यहां एसी नहीं है। यहां सेंट्रलाइज एसी की सुविधा है मगर पीजीआई में पानी नहीं होने के कारण एसी नहीं चले।
कैंपस में रहने वाले चिकित्सकों, नर्स व अन्य स्टाफ के घरों में भी पानी पीने लायक ही सप्लाई हुआ। पीजीआई के जलघर में बने टैंक की तलहटी में थोड़ा ही पानी शेष रहा है। ज्यादातर हिस्सा सूख चुका है। ऐसे में पेयजल के लिए भूमिगत पानी पहुंचाया जा रहा है।

केस 1:
पीजीआई में इलाज के लिए आई हूं। यहां ओपीडी में भीड़ और गर्मी से घबराहट हो रही है। बड़ी मुश्किल से डॉक्टर से दवा लिखवा पाई हूं। यहां पीने को एक बूंद पानी नहीं है। एसी सुबह से बंद हैं। -शीला देवी, भंभेवा।

केस 2:
पीजीआई में पिताजी को इलाज के लिए लाए हैं। यहां सुबह से परेशान हो रहे हैं। हर जगह लंबी लाइन है। पीने को पानी तक नहीं मिल रहा है। वाटर कूलर खाली पड़े हैं। हाल में पंखे चल रहे हैं। ये भी गर्म हवा दे रहे हैं। -मुकेश, बवानीखेड़ा।

केस 3:
सुबह ही पीजीआई आ गए थे। इसके बाद से इधर-उधर भटक रहे हैं। यहां पीने के लिए पानी ही नहीं है। प्यास लगने पर बाजार से बोतल खरीद कर लानी पड़ रही हैं। एसी भी काम नहीं कर रहे हैं। -दर्शाना, बवानीखेड़ा।

केस 4:
पीजीआई में सुबह से भीड़ है। इलाज के लिए कहीं लाइन लगी है तो कहीं नंबर लग रहा है। ओपीडी की पूरी बिल्डिंग गर्मी से जल रही है। एसी बंद हैं। पंखे चल रहे हैं। इनसे गर्म हवा आ रही है। -ममता, जींद

केस 5
ओपीडी में सुबह से गर्मी है। लोगों की भीड़ और गर्मी से परेशान रहे। प्यास से हालत और खराब हो गई। यहां वाटर कूलर तो लगे हैं, मगर इनमें पानी नहीं है। इस कारण खाना भी नहीं खा पाए। -सुरेंद्र, जींद।


केस 6:
पीजीआई में सुबह पानी नहीं है। पीने के लिए बाजार से 20 रुपये का बोतल बंद पानी खरीदा है। यह पानी भी गर्म है। इसे बड़ी मुश्किल से घूंट-घूंट पीना पड़ रहा है। -श्रीकृष्ण, मलिकपुर।


वर्जन
संस्थान में पानी की दिक्कत है। नहर नहीं आई है। इस कारण जलघर में पानी खत्म हो गया है। इमरजेंसी के लिए व्यवस्था बनवाई जा रही है। इसके लिए अलग व्यवस्था बनाई जाएगी। -डॉ. कुंदन मित्तल, चिकित्सा अधीक्षक, पीजीआई।

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