रोहतक। सोमवार को गत दिनों की तरह तापमान 45 के पार रहा। भीषण गर्मी में उल्टी दस्त के मरीजों का तांता लगा रहा। सोमवार को बच्चों की ओपीडी में करीब 220 मरीज पहुंचे। इनमें ज्यादातर बच्चों में डायरिया के लक्षण दिखे। इस पर चिकित्सकों की ओर से परामर्श की गई दवा औषधालय पर प्राप्त नहीं हुई। सबसे बड़ी बात यह रही कि बच्चों की बुखार तक की दवा नहीं मिली और यही हाल उल्टी दस्त की दवा का भी रहा। अस्पताल में एंटीबायोटिक तो कई माह से नहीं मिल रही है।
नागरिक अस्पताल में रोजाना लग रही बच्चों की ओपीडी में ज्यादातर दवा बाजार से ही मिल रही है। यह बहुत चिंता की बात है कि नेशनल क्वालिटी एश्योरेंस स्टैंडर्ड में देशभर में नंबर एक का खिताब प्राप्त करने वाले अस्पताल में पैरासिटामोल की दवा तक नहीं है। यह इतने बड़े सम्मान पर बट्टा लगाता है।
यह दवाएं नदारद
-मेटफोर्मिन : एंटी डायबायोटिक दवा।
-अजिथ्रो : बैक्टीरियल इंफेक्शन कम करने में सक्षम।
-एमॉक्सी : बैक्टीरियल संक्रमण।
-पैरासिटामोल : बुखार।
-एल्बेंडाजोल : परजीवी कृमि संक्रमण रक्षक।
-एंटासिड : खराब पेट के इलाज में उपयुक्त।
वर्जन
दवा के ऑर्डर दिए गए हैं। जल्द ही औषधालय में दवा उपलब्ध होगी। मरीजों की चिकित्सा में किसी प्रकार की कोई कमी नहीं छोड़ी जा रही है। प्रत्येक मरीज की जांच की जा रही है। -डॉ. पुष्पेंद्र, चिकित्सा अधीक्षक, नागरिक अस्पताल