गद्दी खेड़ी गांव में हुए राजमिस्त्री हत्याकांड में उनकी बड़ी बेटी अंजलि पर एक भाई और बहन की जिम्मेदारी आ गई है। उनके सामने परिवार के पालन की भी समस्या आ गई है।
चूंकि पिता की मौत हो गई है और मां जेल चली गई है। ऐसे में अब भाई-बहन के पढ़ाने-लिखाने की बात तो दूर, रोजमर्रा के जीवन का गुजारा करना भी मुश्किल हो गया है। हालांकि, गांव के सरपंच और पूर्व सरपंच आगे आए हैं और उन्होंने बच्चों की प्रशासन से मदद कराने की बात कही है।
27 दिसंबर की रात को परजीत की हत्या कर दी गई थी। इसमें परजीत की पत्नी और गांव के ही चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पिता की हत्या हो गई और मां जेल चली गई है। ऐसे में परजीत की दो बेटियों और एक बेटे के सामने दो वक्त की रोटी की भी समस्या आ खड़ी हुई है। चूंकि, परजीत ही मजदूरी करके परिवार का भरण-पोषण कर रहा था। परजीत के चले जाने के बाद उनकी बड़ी बेटी पर भाई और बहन की जिम्मेदारी आ गई है। वह घटना के बाद से ही तीनों का रो-रोकर बुरा हाल है। चूंकि, पिता की हत्या हो गई और इसके बाद मां गुरमति को भी पुलिस ने पिता की हत्या में गिरफ्तार कर लिया है।