रेवाड़ी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 75वें जन्मदिन के अवसर पर सेवा पखवाड़ा सहित विभिन्न सामाजिक कार्यक्रमों का शुभारंभ किया गया। एडीसी राहुल मोदी ने महिलाओं के स्वास्थ्य में सुधार लाने के लिए स्वस्थ नारी, सशक्त परिवार अभियान के साथ पोषण माह अभियान को शुरू किया।
गांव राजपुरा इस्तमुरार में एडीसी राहुल मोदी ने जिलास्तरीय पोषण माह अभियान का आगाज करते हुए कहा कि महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा प्रति वर्ष पोषण माह के रूप में मनाया जाता है। उन्होंने कहा कि हर एक परिवार में महिलाओं का पढ़ा-लिखा और स्वस्थ होना अति आवश्यक है।
महिलाएं परिवार की देखभाल के अलावा कृषि, पशुपालन व अन्य सामाजिक कार्यों में व्यस्त रहती हैं, जिस कारण वे अपनी सेहत के प्रति उदासीन हो जाती हैं। जब बिल्कुल लाचार हो जाती हैं, तब उन्हें अपने स्वास्थ्य की चिंता सताने लगती है। महिलाएं अपनी रोज की दिनचर्या में पौष्टिक आहार ग्रहण करें और मानसिक रूप से भी स्वस्थ रहें तो एक मजबूत समाज का निर्माण हो सकता है। इसलिए महिलाओं और 6 साल तक के बच्चों के लिए पोषण माह को चलाया गया है। इस दौरान महिलाओं व छोटे बच्चों के स्वास्थ्य की जांच की जाएगी। इस जांच में जिन महिलाओं व बच्चों में विटामिन तथा अन्य कोई कमी पाई जाएगी, फिर उनका नजदीकी सरकारी अस्पताल में इलाज करवाया जाएगा।
ये है मुख्य उद्देश्य:
एडीसी राहुल मोदी ने कहा कि महिला एवं बाल विकास विभाग की ओर से 16 अक्टूबर तक स्वस्थ जीवन के लिए संतुलित आहार, बचपन की देखभाल-शिक्षा और स्थानीय पौष्टिक खाद्य संसाधनों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आठवां राष्ट्रीय पोषण माह मनाया जाएगा। मुख्य उद्देश्य मानव जीवन के महत्वपूर्ण चरणों गर्भावस्था, शैशवावस्था, बचपन और किशोरावस्था के बारे में व्यापक जागरूकता पैदा करना है।
छह वर्ष तक के बच्चों में पोषण स्तर में लाया जाएगा सुधार:
महिला एवं बाल विकास की जिला कार्यक्रम अधिकारी शालू यादव ने बताया कि आठवें पोषण माह में स्वस्थ नारी स्वस्थ परिवार के तहत जिला की गर्भवती महिलाओं, किशोरियों व छह वर्ष तक के बच्चों में पोषण स्तर में सुधार लाया जाएगा। उन्होंने बताया कि अभियान के पांच मुख्य उद्देश्य मोटापा घटाने के लिए चीनी व खाद्य तेल के सीमित सेवन पर जोर, प्रारंभिक बचपन की देखभाल एवं शिक्षा, शिशु एवं छोटे बच्चो की आहार पद्धतियां, पोषण और बच्चों की देखभाल में पुरुषों की भागीदारी आदि पर लोगों को जागरूक किया गया। इससे अपने जीवन में इन उद्देश्यों को अपना सके व अपने जीवन स्तर में सुधार ला सके। उन्होंने बताया कि इस पोषण अभियान के तहत बच्चों की देखभाल एवं शिक्षा व पोषण के साथ पढ़ाई पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा।