महम। निंदाना पाना तिगरा में सुमित उर्फ सेठी की हत्या पुलिस को रंजिशन किए जाने का अंदेशा है। किसी पुराने केस में गवाही की रंजिश में वीरवार शाम इस वारदात को अंजाम दिया गया। पुलिस ने शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया। हत्यारों की तलाश में छापा मारा जा रहा है। पुलिस ने मोहित की शिकायत पर 5 नामजद समेत 7 आरोपियों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया है।
शुक्रवार को पुलिस दिन भर हत्यारोपियों की तलाश में जुटी रही। हत्या की गुत्थी सुलझाने के लिए टीम केस की कड़ियां जोड़ने का प्रयास करती रही। जबकि एक टीम पीजीआई के शव गृह पहुंची। यहां शव का पोस्टमार्टम करा कर उसे परिजनों को सौंप दिया गया। मृतक सुमित के खिलाफ हत्या, हत्या प्रयास व लूट के आठ मामले विचाराधीन थे। हत्या इन मामलों में चल रही गवाही से भी जुड़ा होने का अंदेशा है। वारदात की वजह सामने नहीं आई है। हत्यारों की गिरफ्तारी के बाद ही हत्या का कारण स्पष्ट हो पाएगा।
बता दें कि वीरवार शाम साढ़े सात बजे सुमित उर्फ सेठी की गोली मारकर हत्या कर दी गई। इसके खिलाफ दिल्ली व महम थाने में आठ मुकदमें दर्ज बताए गए हैं। ये सभी गंभीर आपराधिक मामले हैं। दिल्ली में हुई हत्या के मामले में सुमित तिहाड़ जेल में बंद था। यह एक माह पहले दसवीं कक्षा की परीक्षा देने के लिए पैरोल पर आया था। पुलिस ने मृतक के बड़े भाई मोहित की शिकायत पर सात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
पुलिस को दी शिकायत में मोहित ने कहा है कि उसका भाई व जींद निवासी अंशुल बाइक पर घर की तरफ आ रहे थे। घर के पास गली में उनकी बाइक पहुंची तो हत्यारों ने उन पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दी। सुमित को गोली मार कर हमलावर फरार हो गए। उसे गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया। यहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। उसने कहा है कि उसका भाई एक मामले में गवाह था। इस कारण आरोपियों ने उसे रास्ते से हटाने के लिए वारदात को अंजाम दिया है।
पुलिस ने सोनू उर्फ माकड़, ढीला, सुनील उर्फ सुक्खा, विकास उर्फ वीकेएन, साहिल उर्फ गूंगा व अन्य के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया है। आरोपियों की धरपकड़ के प्रयास जारी हैं। मृतक के खिलाफ आठ मामले दर्ज हैं। इनमें हत्या, हत्या प्रयास व लूट के मामले शामिल हैं। आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद ही हत्या का कारण सामने आ पाएगा।
विवेक कुंडू, डीएसपी।