13 खाटू श्याम मंदिर खरावड़ में श्रीमद्भावगत कथा से पूर्व पूजा-अर्चना करते आयोजक। स्रोत: आयोजक
रोहतक। खाटू श्याम मंदिर खरावड़ में सुनाई जा रही श्रीमद्भावगत कथा के तृतीय दिन रविवार को कथावाचक सत्यदेव ने अनेक पात्रों का वर्णन किया। उन्होंने विदुर, ध्रुव व प्रहलाद भगत चरित्र का वर्णन किया। उन्होंने कहा कि भगवान जब अवतार लेते हैं तो वो जाति नहीं देखते। वे न राजा को देखते हैं और न रंग को। भक्त का भाव जैसा होगा वैसा की फल मिलेगा। भगवान तो भाव के भूखे होते हैं। विदुर पर कोई ऐश्वर्य नहीं था लेकिन भगवान श्रीकृष्ण उनके पास आए और फलाहार किया। श्रीराम बनकर शबरी माता के झूठे बेर खाए। आयोजक पंडित योगेश कौशिक ने बताया कि कथा के दौरान भगवान के भजनों पर श्रद्धालु झूमते रहे। मौके पर प्रवीण मलिक, सुरेंद्र मलिक, प्रधान मोनू मलिक, अनीस कुमार, सुरेश जांगडा आदि मौजूद रहे। संवाद