पुलिस के लिए पिछले दो साल से सिर दर्द बना स्कूटी सवार स्नैचर आखिर हत्थे चढ़ ही गई। यह तीन वारदात को अंजाम देकर भाग रहा था। पुलिस की गिरफ्तार में आए इस आरोपी ने वर्ष 2022 से 2024 तक 18 वारदात करने का खुलासा किया है। आरोपी पर गाजियाबाद में दो दर्जन से ज़्यादा मामले दर्ज हैं। यह गाजियाबाद में गैंगस्टर एक्ट के तहत गिरफ्तार हो चुका है। यह दिल्ली से स्कूटी पर सवार होकर आता और रोहतक में स्नैचिंग कर फरार हो जाता। पुलिस ने वारदात में प्रयुक्त स्कूटी, छीनी हुई सोने की चेन, मंगलसूत्र बरामद कर लिया है।
पुलिस की एवीटी स्टाफ टीम ने रोहतक में लगातार स्नैचिंग की वारदातों को अंजाम देने वाले आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। आरोपी ने 17 मई को रोहतक शहर में स्नैचिंग की वारदात को अंजाम दिया। पहली वारदात सैक्टर-4 एक्सटेंशन में हुई। इसके बाद सैक्टर-1 व झंग काॅलोनी में वारदात को अंजाम दिया। पहली वारदात के बाद से पुलिस अलर्ट मोड में आ गई। शहर के चारों तरफ नाकाबंदी कर दी गई। सभी प्रभारी थाना/चौकी, सीआईए स्टाफ की टीमों ने अपने इलाकों में नाकाबंदी व गश्त शुरु करते हुए आरोपी को पकड़ने का प्रयास किया।
उप पुलिस अधीक्षक विद्यानंद ने पत्रकारों को बताया कि 17 मई को रोहतक में काली स्कूटी सवार युवक ने एक के बाद एक स्नैचिंग की तीन वारदात को अंजाम दिया। इसकी सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक हिमांशु गर्ग के निर्देशानुसार सभी उप पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में अलग-अलग टीमों का गठन किया गया। इसमें सीआईए स्टाफ व एवीटी स्टाफ टीम भी शामिल रही। पुलिस ने सीलिंग प्लान के तहत नाकाबंदी कर वाहनों की गहनता से जांच की। थाना क्षेत्र में पैदल गश्त व पैट्रोलिंग की गई।
प्रभारी एवीटी स्टाफ एसआई सतीश कादयान व एएसआई अनिल दहिया के नेतृत्व में चुलियाना मोड़ नाका पर वाहनों की जांच के समय काली स्कूटी सवार युवक आता दिखाई दिया। पुलिस को देखकर वह भाग निकला। एएसआई अनिल ने स्कूटी सवार युवक का पीछा कर उसे स्कूटी सहित काबू कर लिया। युवक की पहचान विवेक विहार ज्वाला नगर शाहदरा दिल्ली निवासी किशनलाल के रूप में हुई। युवक से सोने की चेन व मंगलसूत्र बरामद हो गए हैं। इससे गहनता पूछताछ की जा रही है।
आरोपी ने रोहतक में वर्ष 2024 में स्नैचिंग की 11 व वर्ष 2022 में 7 वारदातों को अंजाम दिया। यह शाहदरा दिल्ली से स्कूटी पर सवार होकर शाम के समय रोहतक में आता। वह एक दिन में दो से तीन स्नैचिंग की वारदात करता और वापस स्कूटी से लौट जाता। आरोपी की उम्र 40 वर्ष है। इसकी पत्नी से अनबन होने के कारण दोनों अलग रहते हैं। आरोपी जुआ/सट्टा खेलने का आदी है। स्कूटी पर बिना नंबर की प्लेट लगाकर वारदात अंजाम देता था। अभी तक की जांच में सामने आया कि यह अकेले ही वारदात को अंजाम देता था। आरोपी वर्ष 2018 से स्नैचिंग की वारदातों को निरंतर अंजाम दे रहा था। इसके खिलाफ गाज़ियाबाद में 2019 से पहले अवैध हथियार, हत्या का प्रयास, स्नैचिंग, लूट की धाराओं के तहत सात मामले दर्ज हैं। आरोपी को 2019 में यूपी पुलिस के साथ हुई मुठभेड़ में गिरफ़्तार किया गया। यह अप्रैल से अगस्त 2019 तक जेल में बंद रहा। जमानत पर बाहर आकर यह फरार हो गया।
यह वर्ष 2021 में सात आपराधिक वारदातों को अंजाम दे चुका है। इसे गैंगस्टर एक्ट के तहत 2022 में यूपी पुलिस ने गिरफ़्तार कर एक साल के लिए जेल भेजा था। फरवरी 2023 में यह जेल से बाहर आया। जेल से बाहर आने के बाद फिर से वारदात शुरू कर दी।