रोहतक। रूट कैनाल के उपचार की सामान्य दंत चिकित्सा प्रक्रिया हृदय रोग व मधुमेह के जोखिम को कम करने में भी मददगार हो सकती है। शोध में पाया गया है कि रूट कैनाल जैसे दंत उपचार से दांतों में मौजूद संक्रमण व सूजन दूर होती है। इससे शरीर में क्रोनिक सूजन घटती है। यह कार्डियोवैस्कुलर व मेटाबोलिक स्वास्थ्य पर सकारात्मक प्रभाव डालता है।
दांतों में लंबे समय तक मौजूद संक्रमण शरीर में सूजन फैलाता है। यह हृदय रोग व टाइप टू डायबिटीज जैसी गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं के लिए जोखिम कारक माना जाता है। जब दांतों का संक्रमण समाध कर दिया जाता है तब शरीर में सूजन कम होती है और ब्लड शुगर नियंत्रण में सुधार हो सकता है। यह संबंध अब वैज्ञानिक रूप से भी समझा जा रहा है। इससे स्पष्ट होता है कि नियमित दंत जांच और समय पर उपचार सेहत के लिए महत्वपूर्ण है।
पीजीआईडीएस के प्राचार्य डॉ. संजय तिवारी का कहना है दंत स्वास्थ्य व सामान्य स्वास्थ्य के बीच गहरा संबंध है। मुंह में दीर्घकालिक संक्रमण न केवल दांतों और मसूड़ों को प्रभावित करता है बल्कि शरीर की समग्र सूजन को बढ़ा कर डायबिटीज और हृदय रोग के जोखिमों को बढ़ा सकता है। इसलिए रूट कैनाल और अन्य दंत उपचार सिर्फ दांत बचाने के लिए नहीं, बल्कि पूरे शरीर की सेहत के लिए भी लाभदायक हैं।
ओरल इंफेक्शन के कारण शरीर में सूजन बढ़ सकती है। यह धमनियों में प्लाक जमने और हार्ट अटैक या स्ट्रोक के जोखिम को भी बढ़ा सकती है। यह अध्ययन दांतों की देखभाल को गंभीर रूप से लेने की आवश्यकता को रेखांकित करता है क्योंकि अच्छी ओरल हेल्थ सिर्फ दांतों के लिए नहीं बल्कि दिल और ब्लड शुगर नियंत्रण के लिए भी महत्वपूर्ण है।