रोहतक। रोडवेज डिपो में बसों की कमी होने के कारण अन्य डिपो से बसें मंगवाई जाएंगी। पांच बसें सोनीपत डिपो से तो आठ बसें फरीदाबाद डिपो से मंगवाई जाएंगी। कारण यह है कि दैनिक यात्रियों समेत कॉलेज के विद्यार्थियों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े। ये बसें आज डिपो में पहुंच जाएंगी।
न्यू बस स्टैंड से रोजाना 15 हजार से ज्यादा दैनिक यात्रियों समेत महाविद्यालयों, विश्वविद्यालयों और कोचिंग संस्थानों में पढ़ने वाले बच्चों के लिए 20 से ज्यादा रूट पर बसें चलती हैं। बसों की कमी के चलते फिलहाल कुछ रूट पर यात्रियों को बसें नहीं मिल पा रही है। सबसे ज्यादा समस्या यात्रियों को ग्रामीण रूट पर रहती है। हिसार, सिरसा और चंडीगढ़ रूट पर एसी बसें भी चलती है। ये दो से तीन साल पुरानी बसें है। इन बसों में दैनिक यात्रियों से लेकर बुजुर्ग यात्री तक सफर करते है।
शहर में चार विश्वविद्यालयों समेत 15 से ज्यादा कॉलेज हैं। विद्यार्थियों का आवागमन सबसे ज्यादा होता है। इसी के साथ शहर में पीजीआई भी है, जिसमें हर रोज हजारों की संख्या में मरीज इलाज के लिए आते हैं। इसके चलते यात्रियों को आवगमन के लिए सबसे ज्यादा बसों की आवश्यकता होती है। यात्रियों को किसी तरह की परेशानी न हो इसके लिए दूसरे डिपो से ये बसें मंगवाई जा रही हैं। जिन डिपो से बसें मंगवाई जा रही हैं, वहां पर ये बसें ज्यादा थी।
वर्जन
डिपो में बसों की कमी होने के कारण सोनीपत और फरीदाबाद से बसें मंगवाई गई हैं। जिस रूट पर बसों की आवश्यकता होगी, उसी रूट पर ये बसें चला दी जाएंगी। अभी तय नहीं किया गया है, कौन-से रूट पर ये बसें चलाई जाएंगी। यात्रियों को कोई असुविधा न हो इसके लिए ये बसें मंगवाई गई हैं।
-सुरेंद्र सिवाच, वर्कशॉप मैनेजर, रोडवेज डिपो