रोहतक। शिक्षा विभाग की ओर से स्कूल, ब्लॉक व जिलास्तरीय विज्ञान प्रदर्शनी आयोजित की जाएंगी। मुख्यालय से समग्र शिक्षा और पीएमश्री के तहत विज्ञान-गणित (प्राथमिक और माध्यमिक) का समर्थन करने के लिए गतिविधियों के बजट को स्वीकृति मिल गई है। इस फंड का उद्देश्य बच्चों में वैज्ञानिक सोच और नवाचार की भावना को आगे बढ़ाना है।
स्कूल व ब्लॉक स्तरीय विज्ञान प्रदर्शनी आयोजित करने के लिए 8760 स्कूलों (5365 प्राथमिक, 3145 माध्यमिक और 250 पीएमश्री) को 87.60-87.60 लाख रुपये (प्रति स्कूल 1000 रुपये) का बजट प्रदान किया गया है। जिलास्तरीय विज्ञान प्रदर्शनी आयोजित करने के लिए जिलास्तरीय विज्ञान प्रदर्शनी समिति को 22 लाख रुपये (प्रति जिला एक लाख रुपये) का बजट प्रदान किया गया है।
जिला परियोजना समन्वयक बिजेंद्र हुड्डा ने बताया कि दिवाली के बाद 31 अक्तूबर तक स्कूल स्तर, इसके बाद 20 नवंबर तक ब्लॉक स्तर और फिर 30 दिसंबर तक राज्यस्तरीय विज्ञान प्रदर्शनी आयोजित होगी। इसमें जिले के 157 माध्यमिक स्कूलों के लिए 1,57,000 रुपये निर्धारित किया गया है। उन्होंने बताया कि 189 प्राथमिक स्कूलों के लिए 1,89,000 रुपये व छह पीएमश्री विद्यालयों के लिए छह हजार रुपये फंड निर्धारित किया है। साथ ही ब्लॉक स्तरीय प्रदर्शनी के लिए 3,52,000 रुपये की विभाग की ओर से फंड स्वीकृति मिली है।
कचरे का प्रबंधन व उभरती हुई प्रौद्योगिकियों पर रहेगी प्रदर्शनी
जिला शिक्षा अधिकारियों ने बताया यह प्रदर्शनी एनसीईआरटी की ओर से प्रदान की गई राज्यस्तरीय बाल वैज्ञानिक प्रस्तुति (आरएसबीवीपी) की थीम पर आधारित होगी। इसमें स्थायी कृषि, कचरे का प्रबंधन, रोबोटिक, उभरती हुई प्रौद्योगिकियां, अंतरिक्ष विज्ञान, स्वास्थ्य एवं स्वच्छता व कृत्रिम बुद्धिमत्ता विषय शामिल है। प्रदर्शनी में विज्ञान नाटक-रोल प्ले, पोस्टर बनाने व मॉडल बनाने की की प्रतियोगिताएं शामिल हैं।
वर्जन
बच्चों में वैज्ञानिक अवधारणाओं व नवाचारों को प्रदर्शित करने के लिए संस्थानों में प्रदर्शनी आयोजित की जाएगी। इसके लिए जिले के स्कूलों को अवगत करवाया जा चुका है। शिक्षा विभाग ने स्कूल, ब्लॉक व जिलास्तरीय प्रदर्शनी के लिए फंड निर्धारित कर दिया है। - बिजेंद्र हुड्डा, जिला परियोजना समन्वयक, शिक्षा विभाग।
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