जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान हुए दंगे में जिस किसी का नुकसान हुआ है, उनको बिजली निगम की ओर से बिलों में छूट देनी शुरू कर दी गई है। बिजली निगम के एसई ज्ञानचंद ने बताया कि राज्य सरकार ने उपद्रव के दौरान पीड़ित लोगों को राहत देने के उद्देश्य से बिजली बिलों में छूट देने का आदेश जारी किए हैं। उनके अनुसार उपद्रव के दौरान ऐसे व्यक्ति जिनके घरोे या व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को क्षति पहुंचाई गई या उन्हें लूटा गया, उनको वर्तमान व अगले बिजली बिल में छूट दी जाएगी। उन्होंने बताया कि दिसंबर 2015-जनवरी 2016 के लिए फरवरी में जारी बिल में छूट मिल सकती है। जनवरी-फरवरी के मार्च में जारी बिल, फरवरी-मार्च के अप्रैल में जारी बिल, मार्च-अप्रैल के मई में जारी बिलों पर छूट मिलेगी। इसके अलावा मासिक बिलिंग साइकिल के तहत फरवरी 2016 के मार्च में जारी बिल और मार्च के अप्रैल में जारी बिल पर भी छूट दी जाएगी। उन्होंने बताया कि जिन पीड़ितों ने फरवरी तक बिल जमा कर दिया है, उनकी वह राशि अगले बिल में एडजस्ट कर दी जाएगी। इसमें भी यह ध्यान रखा जा रहा है कि किसी उपभोक्ता के कहने पर उसे पीड़ित नहीं माना जा रहा है। बल्कि जिला प्रशासन से सूची लेकर ही निगम अपने रिकार्ड की पीड़ित लिस्ट में नाम दर्ज कर रहा है। इस तरह किसी तरह की गड़बड़ भी नहीं हो सकेगी।