महम। रोहिल्ला समाज की ओर से दादी सती रानी की याद में पहली कलश यात्रा निकाली गई। संत नामदेव रोहिल्ला धर्मशाला से महिलाओं ने कलश उठाकर भजन-कीर्तन करती हुईं फरमाना रोड स्थित दादी सती मंदिर पहुंची। मंदिर में प्रसाद वितरण किया।
सुरेंद्र रोहिल्ला, गौरव रोहिल्ला व गीता रानी ने बताया कि सती दादी का अपना इतिहास रहा है। उनके समाज की चार महिलाओं ने स्वेच्छा से उनके पति की आकस्मिक मृत्यु के बाद उनके साथ सती होने का निर्णय लिया था। इसमें दादी सती नांही, दादी सती हरदेई, दादी सती जैनो व दादी सती आसरा शामिल रहीं। इनकी याद में मंदिर बनवाया गया है।