जाट आरक्षण आंदोलन की घोषणा अब पंचायत चुनाव के बाद की जाएगी।
मंगलवार को अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति की कोर कमेटी की बैठक में यह फैसला लिया गया।
छोटूराम धर्मशाला में बुलाई बैठक में तमाम दलीलों और तर्कों के बाद कोर कमेटी ने आंदोलन को पंचायत चुनाव तक टाल दिया।
पूर्व कमांडेट हवा सिंह सांगवान की अध्यक्षता में हुई बैठक में तय किया गया कि पंचायत चुनाव की तारीख घोषित होते ही सभी जाट संगठनों और खापों की बैठक की जाएगी।
इस बैठक में आंदोलन शुरू करने की तारीख तय होगी।
बाहरी राज्य के जाट नेता को नहीं घुसने देंगे
तय किया गया कि आंदोलन राज्य स्तर पर किया जाएगा। इसमें बाहरी राज्य का कोई भी जाट नेता हस्तक्षेप नहीं करेगा। जिलाध्यक्ष धर्मपाल हुड्डा ने कहा कि भाजपा सरकार जल्द से जल्द अपना रुख स्पष्ट करे।
दो माह बाद भी कोई सकारात्मक कदम नहीं उठाया गया है। इससे समाज में नाराजगी बढ़ी है। बैठक में डॉ. ओमप्रकाश धनखड़, जयकिशन दलाल, धर्मपाल हुड्डा, चांदराम फौगाट, जगबीर हुड्डा, हेडमास्टर ताराचंद, मनोज सांघी, प्रोफेसर सुमेर सिंह, श्रीभगवान, अनिल रोज, जगदीश गुलिया, दलजीत पंघाल, प्रेम सिंह राठी, ओमपाल आर्य, रघुबीर सिंह बूरा, जगबीर मलिक, जसमेर गिल, रण सिंह सांगवान, सत्यपाल बिलावल, सूबेदार श्रीभगवान, महेंद्र सिंह मोर, रामफूल हुड्डा, जागे, लखपत और बलदेवा मौजूद रहे।