म्हारी एक और छोरी ने सफलता का परचम छुआ है।
इस बार गांव नरवाल रिठाल की बेटी ने कर्नाटक में रोहतक का नाम रोशन किया है।
जोगीराम नरवाल की पोती और आर्मी में नान कमीशन आफिसर यशपाल की बेटी प्रिया नरवाल ने कर्नाटक कामन प्रवेश परीक्षा के मेडिकल स्ट्रीम में पूरे कर्नाटक में टॉप रैंक हासिल की है।
पूरे परिवार, नानके, दादके में जश्न का माहौल है। रिजल्ट सोमवार दोपहर घोषित हुआ। विभाग की ओर से जैसे ही प्रिया नरवाल को सूचना मिली तो पूरा परिवार खुशी से झूम उठा। इसके बाद बधाइयों का सिलसिला चल निकला।
टाइम टेबल नहीं, शेड्यूल को फिक्स किया
प्रिया टाइमटेबल बनाकर पढ़ने में विश्वास नहीं रखती, वह शेड्यूल बनाकर पढ़ने का हुनर रखती हैं। बकौल प्रिया, प् लानिंग से पढ़ाई करने पर ही सफलता हाथ लगती है। उसने कर्नाटक के एक कोचिंग इंस्टीट्यूट से कोचिंग लेने के अलावा घर पर भी पढ़ाई को पूरा वक्त दिया। वो कहती हैं कि डाक्टर बनना मेरे लिए सबसे बड़ा सपना है।
भावुक हो गए माता-पिता
प्रिया बताती हैं कि टॉप की सूचना मिलते ही माता कविता नरवाल और पिता यशपाल नरवाल भावुक हो गए। प्रिया के दादा जोगीराम नरवाल रिठाल गांव में रहते हैं जबकि उसके नाना ओमप्रकाश डोभ गांव के रहने वाले हैं। दोनाें गांवाें में जश्न का माहौल है। प्रिया के अनुसार परिवार के साथ के बिना मुकाम तक पहुंचना संभव ही नहीं था। छोटा भाई विशाल नरवाल 9वीं कक्षा में पढ़ता और बड़ी बहन को आदर्श मानता है।
एम्स पर नजर
प्रिया नरवाल दिल्ली के एम्स से डाक्टरी की पढ़ाई करना चाहती है। वो कहती है कि मैं चाहती हूं कि मेडिकल इतिहास के सबसे पुराने और शानदार मेडिकल कालेज से पढ़ाई करके डाक्टर बनूं। विद्यार्थियाें को टिप्स के नाम पर प्रिया महज इतना कहना चाहती हैं कि सिर्फ अपने लक्ष्य पर फोकस रखो।