फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Rohtak News: रोहतक जेल में बर्तनों को नुकीला हथियार बनाकर आपस में भिड़े बंदी, 10 घायल

Fri, 11 Oct 2024 05:07 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
विज्ञापन
विज्ञापन
रोहतक। सुनारिया जेल की बैरक नंबर तीन के कमरा नंबर चार में रहने वाले 12 बंदी आपस में भिड़ गए। बर्तनों को नुकीला हथियार बनाकर एक-दूसरे पर हमला किया। हमले में 10 बंदी घायल हो गए। इनमें से 8 की हालत गंभीर है। घायलों को पीजीआई रोहतक और सुनारिया जेल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जेल उप अधीक्षक की शिकायत पर 12 बंदियों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है।
विज्ञापन

जेल उप अधीक्षक साजिद खान ने थाना शिवाजी कॉलोनी में दी शिकायत में बताया है कि बैरक नंबर तीन के कमरा नंबर चार में बंदियों के दो गुटों में बुधवार की रात कंबल को लेकर विवाद हुआ था। आरोप है कि वीरवार की सुबह दोनों गुटों ने बर्तनों को नुकीला हथियार बनाकर एक-दूसरे पर हमला किया।
हमले में ये हुए हैं घायल
हमले में एक गुट से रोहतक के गूगाखेड़ी का नसीब, रोहतक के कंसाला का नीरज, प्रदीप, गिरावड़ का नीरज, सोनीपत के गंगाना का प्रदीप, गोहाना का पवन आदि घायल हुए हैं। वहीं, दूसरे गुट से गिरावड़ निवासी नीरज, सुनारिया चौक निवासी प्रियंकल, नवीन, प्रह्लाद, रोहतक के श्रीराम नगर निवासी कृष्ण, झज्जर के खानपुर खुर्द निवासी पवन घायल हुए हैं। गंभीर रूप से घायल नीरज कंसाला, नीरज गिरावड़ और सुनारिया निवासी प्रियंकल को पीजीआई में भर्ती कराया गया है। हमले में नसीब को गर्दन पर, नीरज को माथे पर, नीरज को गर्दन पर, प्रदीप को सिर पर और नीरज के हाथ पर चोट आई है।
विज्ञापन

रात में मामला हो गया था शांत, सुबह देख लेने की दी थी धमकी
जेल सूत्रों ने बताया कि रात में दोनों पक्षों के बीच कंबल को लेकर विवाद हुआ था, लेकिन तत्काल जेल पुलिस की ओर से कार्रवाई करके मामला शांत करा दिया गया था। रात में ही दोनों पक्षों की ओर से एक दूसरे को सुबह देखने की धमकी दी गई थी। सुबह के समय एक गुट जब बैरक से निकल रहा था, तभी दूसरे ने हमला कर दिया।

बर्तनों को मोड़-तोड़कर बनाया नुकीला

जेल अधिकारियों ने बताया बंदियों ने जिन बर्तनों को खाने के लिए प्रयाेग किया जाता था, उन्हीं को मोड़- तोड़कर नुकीले हथियार बनाकर हमला किया। हालांकि जले प्रशासन को इस बात का पता नहीं चला था। उप अधीक्षक ने पुलिस अधीक्षक हिमांशु गर्ग को घटना की सूचना दे दी है।

सभी गंभीर प्रवृति के हैं बंदी

1-नसीब : 10 अक्तूबर-2023 से जेल में जानलेवा हमले समेत आबकारी एक्ट समेत अन्य धाराओं में बंद है। उस पर कई मुकदमे दर्ज हैं।

2- नीरज कंसाला : 25 अप्रैल से बंद है और उस पर हत्या समेत अन्य कई धाराओं के मुकदमे दर्ज हैं।

3- प्रदीप : 29 मई 2024 से बंद है और उस मारपीट समेत जान लेवा हमले आदि के कई मामले दर्ज हैं।

4- प्रदीप : 10 अक्तूबर 2023 से बंद है। उस पर जानलेवा हमले समेत एससी-एसटी एक्त समेत साजिश और साक्ष्य नष्ट करने समेत कई मुकदमे दर्ज है।

5- पवन : 5. मई 2022 से मारपीट और दुष्कर्म आदि के गंभीर अपराध में जेल में बंद है। उस पर तीन केस दर्ज हैं।

6- नीरज गिरावड़ : चार जुलाई 2023 से बंद है। इस पर दुष्कर्म पॉक्सो एक्ट समेत कई गंभीर धाराओं में केस है।

7- प्रियंकल: 13 अक्तूबर 2023 से बंद है। उस पर चोरी समेत चार मुकदमे दर्ज हैं।

8- कृष्ण : 7 अगस्त से बंद है। उस पर मारपीट बलवा, साक्ष्य खत्म करने और आर्म्स एक्ट समेत कई मुकदमे दर्ज हैैं।

9- नवीन : 07 अगस्त से जेल में बंद है। उस पर कई गंभीर प्रवृत्ति के केस हैं।

10- प्रहलाद : 7 अगस्त.2024 से जेल में बंद है। इस पर भी तीन से ज्यादा मुकदमे दर्ज हैं।


पिछले साल गैंगस्टर राहुल बाबा पर हुआ था जानलेवा हमला
पिछले साल दिसंबर में सुनारिया जेल में गैंगस्टर राहुल बाबा पर हमला हुआ था। राहुल इसे सुमित प्लोटरा की साजिश मान रहा था। इसी का बदला लेने के लिए उसने सुमित के भाई अमित उर्फ मोनू समेत तीन युवकों की हत्या कर दी थी। इसके बाद से गैंगवार चल रही है। अब इससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि ये सभी बंदी भी गंभीर प्रवृति के आरोपी हैं और बाहर आए तो उनमें भी गैंगवार की संभावना बढ़ गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें