माई सिटी रिपोर्टर
रोहतक। चार साल पहले हुई झपटमारी के केस में मंगलवार को एएसजे रजनी यादव की अदालत ने झपटमारी के आरोपी हर्षित निवासी श्रीनगर कॉलोनी व अंकित निवासी हनुमान कॉलोनी को साक्ष्यों के अभाव में बरी कर दिया। एएसजे रजनी यादव की अदालत ने फैसले में टिप्पणी करते हुए कहा कि कोर्ट के अंदर पहली बार आरोपियों की पहचान करना कानून की नजर में सही पहचान नहीं है। पुलिस की ओर से आरोपियों की शिनाख्त परेड नहीं कराई गई थी।
पुलिस रिकाॅर्ड के मुताबिक, 2021 में सेक्टर-2 निवासी सुनीता बहल ने शिकायत दी थी कि वह सब्जी खरीदने के लिए सोनीपत रोड पर गई थी। जब स्कूटी पर घर लौट रही थी तो सेक्टर-2 में दो युवक स्कूटर पर आए। उनकी स्कूटी के बगल में स्कूटर चलाने लगे। इसके बाद पीछे बैठे युवक ने झपटा मारकर बैग छीन लिया था।
बैग में 5 हजार की नकदी, मोबाइल फोन और घर की चाबियां थीं। इसी बीच पुलिस ने सिविल लाइन थाने की अन्य वारदात के केस में हर्षित उर्फ मोनू व अंकित उर्फ राजा को गिरफ्तार किया था। तभी से जिला अदालत में केस की सुनवाई चल रही थी।