महम। पुलिस और वकीलों के बीच शनिवार से चली आ रही खींचतान मंगलवार को समाप्त हो गई। वकीलों ने शनिवार को पुलिस पर बदसलूकी के आरोप लगाते हुए वर्क सस्पेंड रखा था। इसी कड़ी में मंगलवार को भी वर्क सस्पेंड रखा गया। उसके बाद थाना प्रभारी राकेश सैनी व बार एसोसिएशन के प्रधान प्रदीप ढाका के साथ हुई बातचीत के बाद वकील हड़ताल समाप्त कर काम पर लौट गए।
पुलिस ने शुक्रवार की रात को पटाखा वाला बुलेट बाइक पकड़ा गया था। जिस पर दो वकील सवार थे। पुलिस ने पटाखा चलाने व ध्वनि प्रदूषण के आरोप में बाइक बंद कर दिया था। इस पर एडवोकेट जितेंद्र सैनी का तर्क था कि वह किसी और व्यक्ति की बाइक मांग कर लाया था। उसे पटाखा की जानकारी नहीं है। एसएचओ राकेश सैनी द्वारा बाइक को इंपाउंड कर दिए जाने के बाद मामले ने तूल पकड़ लिया था। मंगलवार को वकीलों द्वारा साइलेंसर बदलवाने का भरोसा दिलाए जाने के बाद बाइक को छोड़ दिया गया।
साइलेंस बदलवाने का भरोसा मिलने के बाद ही बाइक को छोड़ा गया है। साइलेंस बदला हुआ था जो पटाखे की आवाज करता था। बार प्रधान द्वारा बदलवाने का भरोसा दिलाया गया है। जसवंत चौकी प्रभारी महम
जिस समय पकड़ा उस समय नहीं बज रहा था पटाखा
जिस समय पुलिस द्वारा पकड़ा गया उस समय पटाखा नहीं बज रहा था। अब मामला सुलझ गया है। मांगी हुई बाइक थी।