सोनीपत। शहर के हलवाई हट्टा के रहने वाले युवक को नौकरी के लिए वेबसाइट पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन कराने का झांसा देकर 27 हजार रुपये ऐंठने के आरोपी को सीआईए की टीम ने गिरफ्तार कर लिया है। इके साथ ही उसने 80 से 90 अन्य लोगों को भी ठगने की वारदात कुबूली हैं। गिरफ्तार आरोपी मूलरूप से उत्तरप्रदेश के जिला आंबेडकर नगर के गांव सिलावर फिलहाल दिल्ली के बलजीत नगर का रहने वाला सत्यप्रकाश सिंह है। पुलिस ने आरोपी को अदालत में पेश कर पांच दिन के रिमांड पर लिया है।
विदित रहे कि 13 जून को मूलरूप से मोहल्ला जटवाड़ा फिलहाल हलवाई हट्टा निवासी महेश राजपूत ने साइबर सेल में शिकायत दी थी कि उसका आईसीआईसीआई बैंक में खाता है। उसके पास मोहन भार्गव नाम के युवक ने 5 जून को फोन किया था। उसके फोन रिसीव करने के बाद मोहन भार्गव ने बताया था कि उसकी वेबसाइट पोर्टल पर महज 20 रुपये में रजिस्ट्रेशन कराया जा सकता है, जिसके बाद वह रजिस्ट्रेशन कराने वाले के लिए नौकरी की तलाश करते हैं। उसने बताया था कि उनकी वेबसाइट हायरिंग फॉर नौकरी डॉट कॉम पर रजिस्ट्रेशन कराया जा सकता है, जिस पर उसने युवक की बातों में आकर उस वेबसाइट पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करा दिया था। इसके बाद उसके खाते से 20 रुपये के स्थान पर 27090 रुपये काट लिए गए थे। उसने बताया था कि यह पोर्टल नोएडा की कंपनी के नाम पर है। उसने आरोप लगाया था कि वेबसाइट और पोर्टल बनाकर लोगों से धोखाधड़ी की जा रही है। महेश ने मामले की शिकायत साइबर सेल को दी थी, जिस पर जांच के बाद गीता भवन चौकी में मामला भेजा गया था। गीता भवन चौकी पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया था। बाद मेें मामले की जांच सीआईए को सौंपी गई थी।
सीआईए में नियुक्त एएसआई सुनील कुमार की टीम ने कार्रवाई करते हुए आरोपी सत्यप्रकाश सिंह को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी को अदालत में पेश कर पांच दिन के रिमांड पर लिया है। आरोपी ने शुरुआती पूछताछ में कई अन्य लोगों से इस तरह ठगी करना स्वीकार किया है। पुलिस अब उनके बारे में पता लगाएगी। साथ ही आरोपी से ठगी की राशि को भी बरामद किया जाएगा।
रजिस्ट्रेशन के साथ आरोपी तक पहुंच जाता था ओटीपी नंबर
आरोपी ने बताया कि उसकी वेबसाइट को जब कोई सदस्य डाउनलोड करता था तो उसका नंबर उसके पास आ जाता था। जिस पर वह उससे बातचीत कर महज 20 रुपये में रजिस्ट्रेशन कराने को कहता था। वह उसे इंटरनेट पर ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन के नाम पर झांसा देता था, जब व्यक्ति अपने बैंक खाते से 20 रुपये ट्रांसफर करता था तो व्यक्ति का ओटीपी नंबर उसके पास भी आ जाता था। ऐसे में वह उस खाते से 5 हजार से लेकर 30 हजार रुपये तक की खरीदारी कर लेता था। उसने महेश राजपूत का ओटीपी नंबर आने के बाद भी ऑनलाइन खरीदारी की थी।
ऑनलाइन खरीदारी कर बाजार में बेच देता था सामान
आरोपी ने पुलिस की शुरुआती पूछताछ में बताया कि उसने इस तरह की ठगी करीब 80 से 90 लोगों के साथ ही है। वह व्यक्ति का ओटीपी नंबर मिलते ही उससे ऑनलाइन सामान खरीद लेता था। बाद में उस सामान को दिल्ली के गफ्फार या अन्य मार्केट में कम दाम पर बेच देता था। वह सामान को 20 से 30 फीसदी कम रेट पर आसानी से बेच देता था, जिसके बाद मिले पैसे को अपने पास रख लेता था।
आरोपी के साथियों का पता लगाया जा रहा है
नौकरी के लिए वेेबसाइट पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन कराने का झांसा देकर ठगी करने के आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी को अदालत में पेश कर पांच दिन के रिमांड पर लिया है। उससे लगातार पूछताछ की जा रही है। आरोपी ने अन्य लोगों से भी इस तरह ही ठगी की है। साथ ही उसके अन्य साथियों के बारे में भी पता लगाया जा रहा है।
सुनील, जांच अधिकारी, सीआईए सोनीपत।