कोरोना संक्रमणकाल में पीजीआईएमएस तकनीकि रूप से मजबूत होता जा रहा है। केंद्र सरकार की ओर से संस्थान को 100 नए वेंटिलेटर मिले हैं। अब संस्थान में कुल 230 वेंटिलेटर हो गए हैं। संक्रमणकाल में मरीजों का इसका लाभ मिलेगा।
सूबे में वेंटिलेटर की सुविधा के मामले में पीजीआईएमएस नंबर वन हो गया है। संक्रमणकाल से पहले करीब 60 वेंटिलेटर थे। इसके बाद राज्य व केंद्र सरकार के अलावा डोनेशन में कई वेंटिलेर संस्थान को मिले। अब संस्थान के अधिकारी बैठक कर रहे हैं कि मॉड्यूलर ओटी में वेंटिलेटर लगने के बाद शेष वेंटिलेटरों को जरूरत के हिसाब से विभिन्न विभागों में लगवा दिया जाए। सभी विभागों से उनकी डिमांड मांगी जा रही है। संस्थान के कुछ विभाग लंबे समय से वेंटिलेटरों की डिमांड कर रहे थे, जोकि अब पूरी होने जा रही है। कोरोना के लिए आए वेंटिलेटर अब कई विभागों की जरूरत को भी पूरा करेंगे। इसका लाभ कोरोना के अलावा अन्य मरीजों को भी मिलेगा।
हमारे पास नए वेंटिलेटर आने के बाद करीब 230 वेंटिलेटर हो गए हैं। इसका लाभ कोरोना के संक्रमणकाल में मरीजों को मिलेगा। यदि मरीजों की संख्या बढ़ती है तो ये वेंटिलेटर वरदान साबित होंगे। संस्थान में प्रदेश भर से मरीज उपचार के लिए आते हैं।
- डॉ. ध्रुव चौधरी, प्रदेश प्रमुख नोडल अधिकारी कोविड, पीजीआईएमएस