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Rohtak News: बस पास मान्यता को लेकर परेशानी झेल रहे यात्री

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11-डॉ. धनसिंह, राज्य प्रधान, सहकारी समिति।
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रोहतक।
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यात्रियों को निजी बस संचालकों की बस पास मान्यता को लेकर परेशानी झेलनी पड़ रही है। विभाग की ओर से स्पष्ट ही नहीं किया जा रहा कि निजी बस में पास मान्य है या नहीं। यात्रियों ने विभागों को मौखिक और लिखित में शिकायत भी दी है लेकिन कार्रवाई का कोई असर नहीं दिख रहा है।
बस स्टैंड से अलग-अलग मार्गों पर 177 से अधिक निजी बसों का संचालन होता है। अन्य आरटीओ के अंतर्गत भी बसें रोहतक से आती-जाती हैं। पास की मान्यता स्पष्ट न होने से यात्रियों को बस से भी उतरना पड़ता है। कई यात्रियों ने इसकी शिकायत सीएम विंडो और डीसी से की लेकिन कोई समाधान नहीं हुआ।
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वर्जन
सहमति से कई निजी बस संचालक छात्राओं के पास मान्य कर रहे हैं। यात्रियों की शिकायत पर यथा संभव कार्रवाई भी की जा रही है। पूरी तरह से यह नहीं कहा जा सकता कि निजी बसों में पास मान्य है या नहीं, क्योंकि मुख्यालय में मामला विचाराधीन है। - वीरेंद्र ढुल, सचिव, आरटीए।


हाईकोर्ट में 12 फरवरी को सुनवाई होनी है। निजी बस ऑपरेटर अलग हैं और रोडवेज अलग है। हमारी मांग है कि जो पास जारी करेगा वही लागू करेगा। एनसीएमसी कार्ड यात्रियों के लिए सुविधाजनक हो सकता है जिसे सरकार को लागू करना चाहिए। -डॉ. धन सिंह, राज्य प्रधान, सहकारी समिति
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भिवानी-रोहतक से प्रतिदिन बस में आवागमन करता हूं। रोडवेज बसों का अभाव है लेकिन निजी बसों में बैठते हैं तो चालक-परिचालक पास नहीं मानते हैं। -जितेंद्र, सुपवा छात्र।

निजी बसों में रोडवेज के पास पहले माने जाते थे लेकिन अब काफी से समय से निजी बस मालिकों के दुर्व्यवहार को झेलना पड़ रहा है। कभी- कभी बस से भी उतरना पड़ता है। - रविंद्र रामगोपाल कॉलोनी।

धनाना गांव से बस में बैठकर शहर आना होता है। महाविद्यालय की ओर से जारी बस पास को निजी बस संचालक नहीं मानते हैं। इसकी शिकायत अधिकारियों को दी है। -रोहित, छात्र।

रोडवेज के अधिकारियों व आरटीओ को बार-बार शिकायत दी जा रही लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। चालक-परिचालकों की समस्याएं झेलना भी आम हो गया है। - जया, छात्रा, नेकीराम महाविद्यालय।
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सीएम विंडो और डीसी को पास मान्यता को लेकर शिकायत दी गई है। कोई समाधान नही हुआ है। बुजुर्गों को निजी बस संचालकों की ओर परेशान किया जा रहा है।
- राजबीर मलिक, खरावड़।


11-डॉ. धनसिंह, राज्य प्रधान, सहकारी समिति।

11-डॉ. धनसिंह, राज्य प्रधान, सहकारी समिति।

11-डॉ. धनसिंह, राज्य प्रधान, सहकारी समिति।

11-डॉ. धनसिंह, राज्य प्रधान, सहकारी समिति।

11-डॉ. धनसिंह, राज्य प्रधान, सहकारी समिति।

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