रोहतक। महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय के सांख्यिकी विभाग की ओर से आयोजित इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस ऑन ग्लोबल एडवांसेज इन स्टैटिस्टिकल मॉडलिंग, ऑप्टिमाइजेशन टेक्नीक्स एंड डाटा साइंस का रविवार को समापन हुआ। सम्मेलन में 15 तकनीकी सत्रों में कुल 150 शोध पत्र प्रस्तुत किए गए । बतौर मुख्य अतिथि प्रो. बीके दास ने कहा कि सांख्यिकी, अनुकूलन तकनीक और डाटा साइंस आज राष्ट्र निर्माण और वैश्विक शोध का आधार बन चुके हैं।
तीन दिनों के दौरान सांख्यिकीय मॉडलिंग, ऑप्टिमाइजेशन, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डाटा साइंस, सैंंपलिंग, एस्टीमेशन एवं इन्फॉर्मेशन थ्योरी जैसे समकालीन विषयों पर गहन चर्चा हुई। विशेषज्ञों प्रो. अमरेंद्र मिश्रा, प्रो. तिरुपति राव पड़ी, प्रो. दिवाकर शुक्ला ने सम्मेलन को अत्यंत समृद्ध, सुव्यवस्थित और यादगार बताया।
आईएआरएस के सचिव प्रो. जितेंद्र कुमार ने बताया कि सम्मेलन में 3 की नोट सत्र, 12 प्लेनरी सत्र और 16 आमंत्रित सत्र आयोजित हुए। इनमें स्पेन, अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया, चिली, जापान और कनाडा के विद्वानों प्रो. जेई मार्टिनेज-लेगाज, प्रो. रामएन मोहापात्रा, प्रो. शाहजहां खान, प्रो. मिलान स्टेलिक, प्रो. हीरोशी सकाई, प्रो. बीएम गोलाम किब्रिया, प्रो. राज श्रीनिवासन, प्रो. शेष एन. राय आदि ने विशेषज्ञ व्याख्यान दिया।
सम्मेलन से कई महत्वपूर्ण अकादमिक निष्कर्ष सामने आए। राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय शोधकर्ताओं के बीच सहयोग बढ़ा। सम्मेलन संयोजक प्रो. एससी मलिक ने कहा यह अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन सांख्यिकी, ऑप्टिमाइजेशन और डेटा साइंस के वैश्विक विमर्श को नई दिशा देकर सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।