विश्वकर्मा जयंती पर महम में प्रदेशस्तरीय सम्मेलन में पहुंचे सीएम मनोहर
लाल खट्टर ने कहा कि सरकार ने 32 ब्लाक चुने हैं, जहां उद्योग लगाए जाएंगे।
इन ब्लॉकों में उद्योग लगाने के लिए सीएलयू की भी जरूरत नहीं होगी। प्रदेश
सरकार ऐसे उद्योगों के माध्यम से ग्रामीण इलाकों में नौजवानों को रोजगार
उपलब्ध कराने में लगी है। दावा किया कि 50 हजार युवाओं को विभिन्न विभागों
में जल्द ही नौकरी मिलेगी, जिसकी प्रक्रिया चल रही है।
सीएम ने कहा कि
नई उद्योग नीति के तहत प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों के 32 ब्लाक चिंहित किए
गए हैं। इन ब्लाकों में कोई भी व्यक्ति उद्योग लगा सकता है, जिसके लिए
सीएलयू की कोई जरूरत नहीं है। सरकार ने फैसला लिया है कि किसान की अनुमति
के बिना उसकी जमीन नहीं ली जाएगी। उद्योग स्थापित करने वाले को खुद किसान
से जमीन खरीदनी होगी। ऐसे 10 उद्योगों के साथ एमओयू हो चुका है।
उद्योग में
अनुसूचित जाति के स्थानीय व्यक्ति को नौकरी दिए जाने का 36000 रुपये और
अन्य स्थानीय व्यक्ति को नौकरी दिए जाने पर 30 हजार रुपये सरकार की ओर से
उद्योग को मिलेंगे। दावा किया कि नई उद्योग नीति के तहत सरकार का प्रदेश के
4 लाख लोगों को रोजगार उपलब्ध करवाने का लक्ष्य है और एक लाख करोड़ रुपये
के निवेश की उम्मीद है।
दुनिया के पहले आविष्कारक थे विश्वकर्मा
सीएम
ने कहा कि भगवान विश्वकर्मा दुनिया के प्रथम आविष्कारक थे। विश्वकर्मा की
शिल्पकला निर्माण की प्रक्रिया के बिना आज की दुनिया की कल्पना नहीं की जा
सकती थी। विश्वकर्मा के मार्गदर्शन से ही कारीगर सूई से लेकर हवाई जहाज तक
बनाते हैं।