साल्हावास। परिवार पहचान पत्र लोगों के लिए जी का जंजाल बना हुआ है। परिवार पहचान पत्र के कारण विद्यार्थियों को भी खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ऐसा ही एक मामला क्षेत्र के गांव गोरिया में सामने आया है।
गोरिया निवासी मनोज ने बताया कि फैमिली आईडी के कारण उसके बच्चे का भविष्य अंधकार में हो गया है। उसका परिवार पहचान पत्र नंबर 2QH21983 है। इसमें उसके बेटे को नहीं जोड़ा गया है। उसके पुत्र आयुष यादव का नाम उसके चाचा के परिवार पहचान पत्र में जुड़ा दिखाई दे रहा है। इसके बारे में छात्र के पिता मनोज ने अतिरिक्त उपायुक्त झज्जर को ईमेल के द्वारा व विभाग को भी अवगत कराया है। 27 अप्रैल को सीएम विंडो पर शिकायत की जो लंबित नजर आ रही है। अभिभावक का कहना है कि उसके बच्चे ने जेईई मैंस की परीक्षा पास कर रखी है। जेईई एडवांस्ड के फॉर्म भरने के लिए उसे ओबीसी प्रमाण पत्र की आवश्यकता है, जो बिना फैमिली आईडी के नहीं बन पा रही है। पिता ने प्रशासन व विभाग पर आरोप लगाया है कि प्रशासन द्वारा उसके बच्चे की मेहनत पर पानी फेरा जा रहा है। परिवार पहचान पत्र में नाम जुड़वाने के कार्य के लिए वह अक्टूबर 2023 से लगा हुआ है, परंतु आज तक परिवार पहचान पत्र में उसके पुत्र का नाम नहीं जुड़ा हुआ है।