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हथियारबंद लोगों ने परिवार पर किया हमला

Fri, 27 Jun 2014 02:38 AM IST
रोहतक
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झज्जर चुंगी के पास स्थित शीतल नगर की बाग वाली गली निवासी एक परिवार पर गुरुवार देर रात हथियार बंद दर्जनभर लोगों ने हमला कर दिया। इस घटना में दो सगे भाई घायल हो गए। वहीं परिवार के कुछ अन्य महिला सदस्यों को भी आंशिक चोटें आई हैं। देर रात तक पुलिस मामले की जांच में जुटी थी।
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पीजीआई के एमएस ऑफिस में बतौर सिक्योरिटी गार्ड तैनात राजेश शर्मा ऊर्फ रिंकू ने बताया कि गुरुवार देर रात उसकी मां इंद्रा देवी पड़ोस में चल रहे एक कार्यक्रम में गई हुई थी। वह मुख्य गेट का ताला लगा कर गई थी। जबकि परिवार के अन्य सदस्य घर में सो रहे थे।

रात को करीब साढ़े 11 बजे कुछ लोगों ने दरवाजा खटखटाया और राजीव के बारे में पूछना शुरू कर दिया। घर के सदस्यों ने मना किया तो हमलावर घर के गेट का ताला तोड़ कर अंदर घुस गए और आते ही हॉकी, डंडे व रॉड आदि से परिवार के सदस्यों पर हमला कर दिया।
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इस हमले में सुरेश शर्मा जो कि दिल्ली होम मिनिस्ट्री में कार्यरत है और उनके भाई कर्मबीर शर्मा जो पीजीआई वर्कशॉप में बतौर कारपेंटर कार्यरत हैं गंभीर रूप से घायल हो गए। राजीव ने बताया कि उसके पिता सुरेश शर्मा पूर्व सैनिक हैं। हमलावरों में कई लोगों के पास पिस्टल और तमंचे व तेजधार हथियार भी थे।

राजीव का आरोप है कि हमलावरों में उसके सगे मामा धर्मपाल के लड़के दीपक व दीपक के मामा टीनू, नरेश, मनोज, संदीप समेत अन्य लोग शामिल थे। इस झगड़े के दौरान उसकी पत्नी रेखा, बहन अर्चना और मां इंद्रा देवी को भी चोटें आई हैं। राजीव शर्मा ने बताया कि दीपक व उसके परिजनों ने उसके मामा धर्मपाल को घर से निकाल दिया था।

उसके बाद वह कुछ दिन उनके पास रहा था। इसी रंजिश के चलते दीपक और उसके मामाओं ने उनके परिवार पर हमला किया है। राजीव ने आरोप है कि हमलावरों ने उसकी 6 महीने की मासूम बेटी रियांशी को भी नहीं बख्शा। हमलावरों में से एक ने बच्ची को गोद से छीनकर बेड पर पटक दिया।

हमलावरों के डर से उन्होंने 100 नंबर पर कम से कम 15 बार फोन मिलाया। इसके अलावा लगभग 5-6 बार थाना शिवाजी कॉलोनी में भी फोन किया गया। लेकिन पुलिस समय पर नहीं पहुंची। बकौल राजीव पुलिस करीब डेढ़ घंटे बाद घर पर पहुंची। घटना के तीन घंटे बीत जाने के बाद भी रात 2 बजे तक पुलिस घायलों के बयान दर्ज करने के लिए अस्पताल नहीं पहुंची थी।
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