रोहतक। एमडीयू के यूजी व पीजी कोर्सों के विद्यार्थियों व शोधार्थियों के लिए राहत भरी खबर है। शोध प्रोत्साहन के लिए इन्हें 50-50 हजार रुपये दिए जाएंगे। इसके लिए महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय (एमडीयू) प्रशासन ने शोधार्थियों को 50 गोल्डन जुबली रिसर्च फेलोशिप देने की घोषणा की है। इससे शोध को बढ़ावा मिलेगा।
यह घोषणा शनिवार को एमडीयू के 50वें स्थापना दिवस पर कुलपति प्रो. राजबीर सिंह ने की। यहां मुख्य अतिथि के रूप में राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय मौजूद रहे। उन्होंने फैकल्टी डेवलपमेंट सेंटर में निर्मित कैफेटेरिया का शुभारंभ किया।
उन्होंने कहा कि 50 वर्षों के सफर में विश्वविद्यालय से लगभग 28 लाख छात्रों ने शिक्षा ग्रहण की है। इसमें शिक्षा, खेल, संस्कृति, देश सेवा क्षेत्र में भी छात्रों ने बड़ा योगदान दिया है। विश्वविद्यालय के एलुमनी बड़े ओहदों पर हैं। इसी का नतीजा है कि महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय देश में 35वें स्थान पर है। वहीं हरियाणा में पहले स्थान पर है। आने वाले समय में विश्वविद्यालय प्रगति कर देश में अपने पायदान में सुधार करेगा।
कुलपति ने कहा कि विश्वविद्यालय में इस वर्ष इंडस्ट्री-एकेडमिया और आर्ट एंड कल्चर, खिलाड़ियों को सम्मानित करने के लिए कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा, साथ ही स्टार्टअप, साइंस कॉन्क्लेव, ग्रीन एनक्लेव पर भी मंथन किया जाएगा। विश्वविद्यालय में इस वर्ष गोल्डन जुबली एमिनेंट लेक्चर सीरीज के तहत 50 लेक्चर का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान छात्रों में यूजी-पीजी स्तर पर ही शोध के प्रति रुचि बढ़ाने के लिए 50 गोल्डन जुबली रिसर्च फेलोशिप देने की घोषणा की है।
विद्यार्थियों, एनएसएस और वाईआरसी स्वयंसेवकों को सम्मानित किया
समारोह में राज्यपाल ने शोध क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने वाले शिक्षकों को भी अनुसंधान पुरस्कार से सम्मानित किया। इसके अलावा विशिष्ट सेवाओं में शिक्षक एवं गैर शिक्षक कर्मियों, क्लास टाॅपर्स व समाजसेवा समेत अन्य क्षेत्रों में विशिष्ट उपलब्धि प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों, एनएसएस और वाईआरसी स्वयंसेवकों को भी सम्मानित किया।
एमडीयू मिरर त्रैमासिक न्यूज लेटर का उद्घाटन किया
विश्वविद्यालय के 50 वर्ष पूरे होने पर एमडीयू मिरर नाम से त्रैमासिक न्यूज लेटर शुरू किया गया है। इसमें विश्वविद्यालय की गतिविधियों व उपलब्धि को दर्शाया जाएगा। इससे विद्यार्थियों को भी नया सीखने का अवसर मिलेगा।