एक साल से जाटों के खिलाफ भड़काऊ बयानबाजी करने वाले सांसद राजकुमार सैनी के खिलाफ भाजपा हाईकमान को शिकायत की जाएगी। मांग की जाएगी कि माहौल बिगाड़ने वाले सांसद की सदस्यता रद्द की जाए। अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष यशपाल मलिक ने यह बात कही। वे शुक्रवार को शहर के एक होटल में पत्रकारों से रूबरू हुए।
उन्होंने कहा कि जाट आरक्षण आंदोलन के समय सरकार ने वायदा किया था, लेकिन अब सरकार वायदा खिलाफी कर रही है। बेकसूरों को फंसाया जा रहा है। झूठे मुकदमे दर्ज कर युवाओं की गिरफ्तारी की जा रही है। इसके विरोध में 10 मई को दिल्ली के जंतर-मंतर पर एक दिवसीय विरोध-प्रदर्शन होगा, जिसमें देशभर से जाट समाज के लोग भाग लेंगे। सांसद सैनी पर कटाक्ष करते हुए कहा कि मलिक ने कहा कि सरकार अब जाटों को आंदोलन का जिम्मेदार ठहरा रही है, लेकिन पिछले एक साल से जाटों को अपशब्द कहने वाले सांसद पर लगाम नहीं लगाई।
उन्होंने भाजपा के साथ-साथ कांग्रेस पर भी निशाना साधा। कहा कि कांग्रेस अब जनता को गुमराह करने के लिए कुलदीप बिश्नोई को अपना रिश्तेदार बताने लगी है। सभी राजनीतिक दल मिलकर जाटों पर दबाव बनाने में लगे हैं, लेकिन ऐसा नहीं होने देंगे। जाट नेता हवा सिंह के खिलाफ भी मोर्चा खोला। कहा कि अभी तक सांगवान हमारे संगठन के साथ ही थे। उस समय उन्हें दिखाई नहीं दिया कि यशपाल मलिक हरियाणा से बाहर का रहने वाला है। ऐसे लोगों की बयानबाजी से कोई फर्क नहीं पड़ता। इस मौके पर प्रदेशाध्यक्ष सूबे सिंह ढाका, जिलाध्यक्ष अशोक बल्हारा, दीपक खत्री, नरेश बल्हारा, विजयदीप पंघाल, विक्रम और कृष्ण हुड्डा मौजूद रहे।
गांवों में की जनसभाएं, दिल्ली पहुंचने का आह्वान
मलिक ने शुक्रवार को दलबल के साथ रिटौली-कबूलपुर, फरमाना, टिटौली, रुड़की और भंभेवा गांवों में जनसभाएं की। इस दौरान उन्होंने लोगों से दिल्ली पहुंचने का आह्वान किया। कहा कि सरकार ने मांग पूरी नहीं की तो जंतर-मंतर पर आगे की रणनीति तय की जाएगी।