सड़क पर जमा गंदे पानी को दिखाते लोग।
बहादुरगढ़। लडरावण गांव निवासी प्रणव छिकारा ने श्रीलंका में तैराकी में धूम मचाई। तैराकी खेल संघ द्वारा आयोजित 48वीं श्रीलंका राष्ट्रीय आयु वर्ग तैराकी प्रतियोगिता में अंडर-15 आयु वर्ग में प्रणव ने 200 मीटर इंडिविजुअल और 400 मीटर फ्री स्टाइल में कांस्य पदक जीता है।
यह प्रतियोगिता 24 से 28 अप्रैल तक कोलंबो में आयोजित हुई थी। इसमें कई देशों के खिलाड़ियों ने भाग लिया। प्रणव ने बताया कि वह पिछले डेढ़-दो साल से तैराकी कर रहा है और कई राज्य, राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में भाग ले चुका है। कई पदक जीते हैं। प्रणव का कहना है कि तैराकी में भाग लेने की प्रेरणा उसे अपने पिता डॉ. अमित छिकारा से मिली। उन्होंने ही उसे तैराकी में आगे आने के लिए प्रेरित किया।
प्रणव छिकारा गांव लडरावण निवासी स्वर्गीय रामदास छिकारा के सुपौत्र व डॉ. अमित छिकारा के पुत्र हैं। उन्होंने श्रीलंका तैराकी खेल संघ द्वारा आयोजित तैराकी प्रतियोगिता में भाग लिया। प्रणव ने इस प्रतियोगिता में भारतीय खेल प्राधिकरण और ग्लेनमार्क अकादमी की तरफ से भाग लेते हुए 400 मीटर फ्री स्टाइल में कांस्य पदक जीता। इसके अलावा 200 मीटर में भी कांस्य पदक हासिल किया। प्रणव छिकारा विगत डेढ़ वर्ष से डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी स्टेडियम दिल्ली के तरण ताल में प्रशिक्षण ले रहे हैं। इस मौके पर अकादमी के सभी प्रशिक्षक और सहायक स्टाफ ने प्रणव छिकारा और उनके पिता डॉ. अमित छिकारा को बधाई दी। प्रणव के पिता डॉ. अमित छिकारा राजकीय महाविद्यालय बहादुरगढ़ में प्रोफेसर शारीरिक शिक्षा के पद पर आसीन हैं। इस मौके पर डॉ. अमित छिकारा को उनके बेटे की इन उपलब्धियां पर महाविद्यालय के समस्त स्टाफ में व गांव लडरावण के ग्रामीणों ने बधाई दी। डॉ. अमितने बताया कि प्रणव दिल्ली के पीतमपुरा निजी स्कूल में नौंवी कक्षा का छात्र है। खेल के साथ पढ़ाई में भी अव्वल है। प्रणव की माता नीलम भी बॉक्सिंग खेल की कोच रही हैं। फिलहाल नीलम बॉक्सिंग खेल में अंतर राष्ट्रीय स्तर की रेफरी हैं। डॉ. अमित छिकारा ने बताया कि प्रणव श्रीलंका से मंगलवार शाम को दिल्ली पहुंचेगा। इसके बाद गांव में प्रणव के सम्मान में कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।