रोहतक। हरियाणा रोडवेज कर्मचारी साझा मोर्चा की बैठक शुक्रवार को इंटक कार्यालय में हुई। 24 जनवरी को होने वाली सांकेतिक हड़ताल की तैयारी करने के लिए पांच टीमों का गठन किया गया। ये टीमें सरकार की वादाखिलाफी की पोल खोलेंगी। बैठक में सदस्यों ने बताया कि परिवहन मंत्री से बातचीत हो चुकी है। सरकार बैठक में कर्मचारियों की मांगों को जायज मानती है, लेकिन पत्र जारी नहीं करती। वरिष्ठ नेताओं ने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि सरकार समय रहते मानी गई मांगों के परिपत्र जारी करे अन्यथा हड़ताल काे आगे भी बढ़ाया जा सकता है। बैठक में जयबीर घणघस, नरेंद्र दिनोद, वीरेंद्र सिंगरोहा, दिनेश हुडा, आजाद गिल, जयभगवान कादयान, अमित महाराणा, विनोद शर्मा, संजीव कुमार, अशोक खोखर आदि सदस्य मौजूद रहे।
मुख्य मांगों में हिट एंड रन भारतीय न्याय संहिता कानून को वापिस लिया जाए, 265 मार्गों पर असीमित परमिट पॉलिसी को वापस लेकर रोडवेज बेड़े में नई बसें लाई जाएं। परिचालक, चालक, लिपिकों की वेतन विसंगति दूर की जाए, देय अवकाश कटौती पत्र वापस लिया जाए। 2016 में भर्ती हुए चालकों सहित दादरी डिपो के 52 हेल्परों को पॉलिसी बनाकर पक्का किया जाए।
2002 में भर्ती हुए चालकों को नियुक्ति से पक्का करके इन्हें पुरानी पेंशन योजना में शामिल किया जाए। 28 अक्टूबर 2005 से पहले भर्ती प्रकिया के तहत भर्ती होने वाले कर्मचारियों को सरकार के आदेशों अनुसार पुरानी पेंशन योजना में शामिल किया जाए। ग्रुप-डी के कर्मचारियों को कॉमन कैडर से बाहर करके तकनीकी पदों पर प्रमोशन दिया जाए। बकाया बोनस का भुगतान किया जाए, तकनीकी वेतनमान से वंचित कर्मचारियों को तकनीकी वेतन दिया जाए।