साध्वियों के यौन शोषण मामले में सुनारिया जेल में सजा काट रहा गुरमीत राम रहीम गुरुवार की शाम को फिर सुनारिया जेल की सलाखों के पीछे पहुंच गया है। डीएसपी सज्जन सिंह के नेतृत्व में रोहतक पुलिस की विशेष टीम राम रहीम को करीब शाम साढ़े छह बजे सुनारिया जेल लेकर पहुंची। अब राम रहीम का स्वास्थ्य ठीक बताया जा रहा है।
राम रहीम को सीबीआई की विशेष अदालत ने साध्वियों के यौन शोषण का दोषी करार दिया था, जिसके चलते उसको 20 साल की सजा सुनाई गई। इसके बाद पंचकूला से रोहतक की सुनारिया जेल लाया गया था, तभी से राम रहीम जेल में है। छह जून को स्वास्थ्य कारणों के चलते राम रहीम को पुलिस की एक टीम गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल लेकर गई थी, जहां चार दिन उपचार चला।
मेदांता अस्पताल में राम रहीम का दो बार कोरोना टेस्ट हुआ। पहले टेस्ट की रिपोर्ट पॉजिटिव आई, जबकि दूसरे टेस्ट की रिपोर्ट निगेटिव आई थी। गुरुवार को जांच पड़ताल के बाद अस्पताल की ओर से राम रहीम को छुट्टी दे दी गई। इसके बाद पुलिस उसे लेकर रोहतक के लिए रवाना हुई, जो शाम को सुनारिया जेल पहुंच गई।
पीजीआई रोहतक में चल रहा था उपचार
राम रहीम का उपचार रोहतक स्थित पीजीआईएमएस के 11 सदस्यीय डॉक्टरों की टीम कर रही थी। जिसकी सिफारिश पर राम रहीम को जांच के लिए गुरुग्राम स्थित मेदांता अस्पताल में दाखिल कराया गया था। जहां पर टेस्ट के दौरान प्राथमिक जांच में डेरा प्रमुख की कोरोना पॉजिटिव रिपोर्ट मिली। जिसके चलते उसे नौवीं मंजिल पर कोविड वार्ड में रखा गया था। हालांकि अगले दिन कोरोना रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद उसे उपचार के लिए मेदांता के नौवीं मंजिल से 15वीं मंजिल पर कमरा नंबर 4421 में रखा गया है।
एक माह में चार बार सुनारिया जेल से बाहर आ चुका है राम रहीम
- 12 मई को ब्लड प्रेशर लो होने पर पीजीआईएमएस पहुंचे
- 17 मई को 12 घंटे की पैरोल पर मां से मिलने आया था गुरुग्राम
- 03 जून को पेट में दर्द होने पर अल सुबह पीजीआई में उपचार के लिए पहुंचे
- 06 जून को मेदांता गुरुग्राम में भर्ती हुआ