जिले में गिरते लिंगानुपात को सुधारनेे के लिए स्वास्थ्य विभाग लगातार भ्रूण लिंग जांच करने वालों के खिलाफ कार्रवाई कर रहा हैं। मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने मेरठ में चल रहे भ्रूण लिंग जांच गिरोह का खुलासा कर रेडियोलॉजिस्ट और दलाल समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। सभी आरोपी मेरठ के रहने वाले हैं। टीम ने मौके से 26, 800 रुपये, यूएसजी मशीन, डीवीआर और रजिस्ट्रर को कब्जे में लिया है। साथ ही ग्लोबल डायग्नोस्टिक सेंटर को सील कर दिया गया।
स्वास्थ्य विभाग को तीन दिन पहले मेरठ में भ्रूण लिंग जांच की सूचना मिली थी। इस कार्रवाई करते हुए जिले से स्वास्थ्य विभाग और पुलिस की सयुक्त टीम का गठन किया गया। स्वास्थ्य विभाग की टीम में डिकॉय तैयार कर कार्रवाई के लिए योजना बनाई। इसके बाद दलालों से बात कर लिंग जांच करने की बात की गई। सौदा तय किया गया। इसके टीम ने बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम ने मेरठ के ग्लोबल डायग्नोस्टिक सेंटर जागृति विहार में कार्रवाई की। टीम ने मौके से रेडियोलॉजिस्ट डॉ. छवि बंसल, अनिल कुमार, पवन कुमार, हमिंद्र कुमार को गिरफ्तार किया।
इस मौके पर स्वास्थ्य विभाग की टीम में पीएनडीटी नोडल अधिकारी डॉ.विश्वजीत राठी, एसएमओ संजीव मलिक, एएसएमओ विशाल चौधरी, डाॅ. विकास, स्वास्थ्य अधिकारी मोहित गिल, संजीत सिंह, राजेश कुमार, सुशील कुमार, और पुलिस टीम मौजूद रही।
स्वास्थ्य विभाग सूचना देने वाले को देता है इनाम
स्वास्थ्य विभाग की तरफ से जिले में लिंग अनुपात में सुधार करने के लिए लोगों को जागरूक किया जा रहा हैं। इसके तहत ही भ्रूण लिंग जांच को रोकने के लिए लिंग जांच की सूचना देने वाले को स्वास्थ्य विभाग की तरफ से एक लाख रुपये इनाम के तौर पर दिया जाता है। स्वास्थ्य विभाग की तरफ से सूचना देने वाले की जानकारी गोपनीय रखी जाती है।