माई सिटी रिपोर्टर
सांपला। इलाके में लगातार बिजली के डिफॉल्टर की संख्या बढ़ती जा रही है। लोगों की तरफ विभाग का करीब 35 करोड़ रुपये बकाया है। विभाग ने डिफाल्टर लोगों पर शिकंजा कसने की तैयारी कर ली है।
विधानसभा चुनाव में बिजली बिल माफी की संभावनाओं के चलते बहुत से उपभोक्ताओं ने बिजली के बिल भरने बंद कर दिए थे। भाजपा व कांग्रेस सभी बिजली माफी योजना लाने की घोषणा कर रहे थे। बीजेपी सरकार बनने पर उन्होंने केवल एक लाख से कमाई वाले परिवारों को बिल माफी का लाभ दिया है। इस कारण अन्य उपभोक्ताओं को भी यही उम्मीद थी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। अब वर्ष समाप्त होने की तरफ है।
ऐसे में बिजली निगम ने बकाया बिल की वसूली के लिए गंभीर प्रयास शुरू कर दिए हैं। सांपला विद्युत उपमंडल से जुड़े करीब तीन हजार उपभोक्ता डिफॉल्टर श्रेणी में हैं। ऐसे लोगों का आंकड़ा हर महीने बढ़ता जा रहा है। बकाया राशि भी बढ़ रही है।
50000 से अधिक बकाया वालों के कनेक्शन काटने शुरू
इलाके में 50 हजार से अधिक बकाया राशि वाले करीब 1648 उपभोक्ता हैं। इनकी तरफ 35 करोड़ से ज्यादा बकाया बिल राशि है। विभाग ने सबसे पहले इन लोगों की लिस्ट बनाकर शिकंजा कसाना शुरू कर दिया। विभाग में कनेक्शन काटने के साथ-साथ बकाया राशि तुरंत भरने के भी निर्देश दिए हैं। अगर उपभोक्ता ऐसा नहीं करता है तो उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज भी कराया जाएगा। 50000 की राशि से कम बिल वाले उपभोक्ताओं की संख्या भी बढ़ती जा रही है।