रोहतक। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक मॉडल संस्कृति विद्यालय भिवानी रोड में शुक्रवार को एनसीएससी-2026 (राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस) के अंतर्गत जिला स्तरीय शिक्षक कार्यशाला में वैज्ञानिक सोच व नवाचार पर चर्चा की गई।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि जिला परियोजना समन्वयक सुमन हुड्डा ने कहा कि राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच, नवाचार, अनुसंधान और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना विकसित करने का प्रभावी मंच है। उन्होंने सभी विद्यालयों से अधिक से अधिक विद्यार्थियों की भागीदारी सुनिश्चित करने व स्थानीय समस्याओं पर आधारित गुणवत्तापूर्ण परियोजनाएं तैयार करने का आह्वान किया।
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एनसीएससी की जिला समन्वयक डॉ. मनीषा ने शिक्षकों को स्थानीय स्तर की प्रासंगिक शोध समस्याओं का चयन कर वैज्ञानिक दृष्टिकोण अपनाने के लिए प्रेरित किया। सुरेंद्र ने पंजीकरण प्रक्रिया का चरणबद्ध प्रदर्शन करते हुए आवश्यक दस्तावेजों की जानकारी दी। पूजा ने प्रतिभागियों की शंकाओं का समाधान किया। खंड संसाधन व्यक्ति मुक्ता ने आयोजन में सहयोग किया।
उन्होंने बताया कि इस वर्ष राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस की मुख्य विषयवस्तु सतत विकास के लिए विज्ञान और नवाचार निर्धारित की गई है। इसमें 10 से 17 वर्ष आयु वर्ग के विद्यार्थी शिक्षकों के मार्गदर्शन में वैज्ञानिक अध्ययन कर व्यावहारिक समाधान प्रस्तुत करेंगे। इस अवसर पर सहायक परियोजना समन्वयक मनोज सुहाग, जिला विज्ञान विशेषज्ञ समीर व विद्यालय की प्राचार्या अरुणा नांदल की उपस्थिति रही।