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Rohtak News: प्रॉपर्टी डीलर के ब्लाइंड मर्डर में दीपक को हुई थी उम्रकैद

Fri, 28 Feb 2025 01:24 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
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फोटो :37: सोनीपत के गांव कुमासपुर के पास युवक की हत्या के बाद नागरिक अस्पताल में पहुंचे कार सवा - फोटो : दाैड़ में प्रतिभाग करतीं छात्राएं।
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सोनीपत। गांव कुमासपुर के पास कुख्यात दीपक उर्फ भांजा की हत्या के मामले में पुलिस की आठ टीमें विभिन्न पहलुओं पर जांच में जुट गई है। दीपक को सोनीपत अदालत प्रॉपर्टी डीलर की हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा सुना चुकी है। आरोपी दिल्ली की मंडोली जेल में बंद था और कुछ माह पहले ही पैरोल पर आया था। वीरवार को दीपक तीस हजारी कोर्ट में पेशी से लौट रहा था कि उसकी हत्या कर दी गई।
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गांव शाहपुर तुर्क निवासी प्रॉपर्टी डीलर विनोद की 10 मार्च, 2014 को गोली मारकर हत्या की गई थी। घटना के समय वह ओमेक्स सिटी स्थित अपने प्रॉपर्टी डीलिंग के कार्यालय में थे। इसमें सामने आया था कि दीपक गुहणा उस हत्या का सूत्रधार था। पुलिस ने इस मामले में दीपक की प्रेमिका निकिता को 5 सितंबर, 2014 को गिरफ्तार किया था। उसने पुलिस के सामने पर्दा उठाया था कि वह अक्सर दीपक से मिलने के लिए विनोद के फ्लैट में आती थी। यहां पर विनोद ने उसके साथ अभद्र व्यवहार कर दिया था।
वारदात की रात दीपक प्रॉपर्टी डीलर विनोद के पास अपने साथियों के साथ आया था। वहां पर उसकी दीपक के साथ कहासुनी हुई थी, जिसमें दीपक ने विनोद के सिर में पहले शराब की बोतल मार दी थी और बाद में उसे गोली मार दी थी। पुलिस इस मामले में 50 हजार के इनामी आशीष व उसके साथी देवेंद्र को काबू कर लिया था। मामले में दीपक को प्रोडक्शन वारंट पर लाया गया था। मामले में कुख्यात दीपक निवासी गुहणा के अलावा देवेंद्र निवासी भावड़, आशीष निवासी निजामपुर फरमाणा व रोहताश निवासी गांव डोभ रोहतक को उम्रकैद हुई थी।
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विकास दूधिया की हत्या का बदला लेने के लिए बड़वासनी का बना दुश्मन
दीपक गुहणा पर संदीप बड़वासनी की हत्या कराने के लिए षड्यंत्र रचने का भी आरोप था। उसने तब पुलिस को बताया था कि अपने साथी विकास दूधिया की हत्या का बदला लेने के लिए वह संदीप बड़वासनी का दुश्मन बन गया था। उसने संदीप के तीन साथियों बड़वासनी के ही आशीष, जाजी के राहुल व दिल्ली के दीपक की रोहतक से अपहरण करने के बाद हत्या कर पंजाब के तरणतारण के पास डब्बल नहर में फेंकने की बात कबूली थी।

दीपक की आठ साल पहले भी सोनीपत में रची गई थी हत्या की साजिश

31 अगस्त, 2017 को सोनीपत कोर्ट में पेशी के दौरान भी दीपक की हत्या की साजिश रची गई थी। इसके लिए पानीपत के राकेश उर्फ पंपू गैंग ने पूरी ताकत झोंक रखी थी। तब पुलिस ने आरोपियों को पकड़ा था तो खुलासा हुआ था कि पूरे मामले को राकेश उर्फ पंपू का भाई दीपक सिवाह लीड कर रहा था। वारदात को अंजाम देने दीपक सिवाह अपने साथी अमरजीत व आजाद के साथ कोर्ट पहुंचा था उसी समय मामले की भनक लगने पर वह कोर्ट परिसर में मौजूद सीआईए टीम के हत्थे चढ़ गया था। तब वारदात के लिए गांव हरसाना के पास से झज्जर कोर्ट के लोक अभियोजक की गाड़ी छीनी गई थी। राकेश अपने रिश्तेदार विनोद की हत्या का बदला लेना चाहता था।



सोनीपत में लगातार हो रही वारदात

सोनीपत के खरखौदा के गांव कुंडल में एक दिन पहले ही अखाड़ा संचालक की हत्या कर दी गई थी। पुलिस उसके आरोपियों की तलाश में जुटी थी कि अलसुबह पाैने तीन बजे ककरोई के पास तीन युवकों से मुठभेड़ हो गई। शाम होते ही कुमासपुर के पास हत्या कर दी गई। अपराध पर अंकुश लगाना पुलिस के लिए चुनौती बन रहा है।



रेकी कर दिया गया वारदात को अंजाम

दीपक हत्याकांड को अंजाम दिए जाने के लिए हमलावरों ने पूरी रैकी की थी। जिस पर तरह वारदात को अंजाम दिया गया इससे लगता है कि हमलावर पहले से ही रैकी कर रहे थे। दीपक की दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट में पेशी थी। इससे हमलावरों को पुख्ता इनपुट था। आशंका है कि दिल्ली से ही उनका पीछा गया था। उसके बाद जब वह ढाबे पर रुके तो वारदात को अंजाम दिया गया। कार के अंदर बैठे हुए ही ताबड़तोड़ गोलियां मारी गईं।
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