21वें राष्ट्रीय युवा महोत्सव के दूसरे दिन टैगोर सभागार में फॉक डांस हुए। जिसमें देशभर से कलाकार अपनी-अपनी लोक संस्कृति का जलवा बिखेरने के लिए पहुंचे। सुबह 11 बजे शुरू हुए कार्यक्रम के एक घंटे बाद जब सुरक्षा गार्डों से भीड़ बेकाबू होती दिखाई दी तो आयोजकों ने एक घंटे के लिए कार्यक्रम स्थगित कर दिया।
इस दौरान सीएम के आने की बात कही गई और सिक्योरिटी चेकिंग के लिए दर्शकों को सभागार खाली करने के लिए कहा गया। इसके साथ ही सभागार के सभी गेट खुलवा दिए गए और पुलिस कर्मियों, एनसीसी कैडे्टस व वॉलियंटर्स को दर्शकों को बाहर जाने के लिए रास्ता देने को कह दिया गया।
टैगोर सभागार में फ्री प्रवेश के आदेश के बावजूद छात्रोें को प्रवेश नहीं दिया गया साथ ही पास वालों को भी एंट्रर नहीं मिली। इसके चलते वहां कुछ देर के लिए हंगामा भी हुआ। दोपहर 12:30 बजे तक पूरा सभागार खाली हो गया इसके बाद दोपहर 2:30 बजे कार्यक्रम फिर से शुरू हुआ।
शुक्रवार को दोपहर 12:15 बजे उत्तरप्रदेश के कलाकारों की प्रस्तुति खत्म होते ही भीड़ अधिक होने के चलते आयोजकों ने बाकी के कार्यक्रम स्थगित करने की घोषणा कर दी। साथ ही यह भी बताया गया कि दोपहर में होने वाले कार्यक्रम को स्पोर्ट्स कांप्लेक्स में किया जा सकता है, जिसका फैसला कमेटी करेगी। पर, दोपहर 2:30 बजे फॉक डांस टैगोर सभागार में ही हुआ और शाम 5 बजे आखिरी प्रस्तुति पुडुचेरी की रही।
मेहमानों की आवभगत में लगे कर्मचारी प्रशासनिक अधिकारियों से दिखे खफा
इधर, मेहमानों की आवभगत में लगे एमडीयू के कर्मचारी प्रशासनिक अधिकारियों से खफा दिखाई दिए। इस मामले मेें ऑल हरियाणा यूनिवर्सिटीज एंप्लॉय फेडरेशन ने देर शाम एक बैठक की। एमडीयू गैर शिक्षक कर्मचारी संघ के प्रधान कुलवंत मलिक ने बताया कि बैठक में विश्वविद्यालय के छात्रों, शिक्षकों व गैर शिक्षक कर्मचारियों से पुलिस प्रशासन द्वारा बुरा व्यवहार करने पर कड़ा विरोध किया गया। उन्होंने कहा कि 16 जनवरी तक पुलिस प्रशासन ने अपने रवैयों को नहीं सुधारा तो गैर शिक्षक कर्मचारी विवि में प्रवेश नहीं करेंगे। साथ ही, 17 जनवरी को सुबह गेट मीटिंग करके संघर्ष करेंगे। जिसकी सारी जिम्मेदारी विश्वविद्यालय प्रशासन की होगी।