रोहतक से घर से 22 दिन पहले लापता हुए लाखनमाजरा के रहने वाले हिमांशु की अपहरण के बाद हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। मोबाइल पर संदेश भेज कर 22 लाख रुपये की फिरौती मांगने वालों ने उसे मार कर जींद के गांव हाथवाला के खेतों में फेंक दिया। यहीं से पुलिस ने शनिवार सुबह कंकाल बरामद किया है।
पुलिस पर आरोपियों से मिलीभगत का आरोप लगाते हुए परिजनों ने लाखनमाजरा में करीब सात घंटे जाम लगाए रखा। इस प्रदर्शन में विधायक बलराज कुंडू भी शामिल हुए। शाम करीब साढ़े सात बजे एएसपी मेधा भूषण के आश्वासन पर लोगों ने जाम खोला। साथ ही सुबह नौ बजे तक आरोपियों की गिरफ्तारी न होने पर फिर से जाम लगाने की भी चेतावनी दी।
लाखनमाजरा निवासी साढ़े 17 वर्षीय हिमांशु के संदिग्ध परिस्थितियों में लापता होने व घटना के 22 दिन बाद जींद के गांव हथवाला में कंकाल मिलने के खुलासे ने मामले को पेचीदा बना दिया है। परिजनों के अनुसार हिमांशु का अपहरण हुआ था। उसे अपहरण करने वालों ने मोबाइल फोन पर फिरौती की रकम भी मांगी थी।
बाद में हिमांशु को मार डाला। पुलिस ने शुरू में इस मामले में आरोपियों को पूछताछ के बाद छोड़ दिया। अब पुलिस पूछताछ में एक आरोपी ने हिमांशु का शव हथवाला में फेंकने का खुलासा किया है। इसके चलते पुलिस शनिवार सुबह हथवाला के खेतों में पहुंची और सड़क से करीब डेढ़ किलोमीटर दूर झाड़ियों से कंकाल बरामद किया।
आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगाया जाम, एएसपी ने खुलवाया
हिमांशु का कंकाल मिलने के बाद परिजनों ने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग उठाई। इस मुद्दे को लेकर पुलिस व परिजनों के बीच बहस भी हुई। बाद में परिजनों ने विरोध स्वरूप लाखनमाजरा में सड़क पर जाम लगा दिया। दोपहर करीब 12 बजे से शाम सात बजे बाद परिजन सड़क पर डटे रहे। इस बीच लाखनमाजरा थाना प्रभारी निरीक्षक सुरेश कुमार उन्हें समझाने भी पहुंचे, मगर प्रदर्शनकारी नहीं माने।
घटना का पता लगने पर विधायक बलराज कुंडू भी लोगों के बीच पहुंचे और जाम लगाने वालों के साथ शामिल हो गए। इससे पूर्व एसडीएम राकेश कुमार भी जाम खुलवाने के लिए पहुंचे। इसके बाद एएसपी मेधा भूषण मौके पर पहुंची। एएसपी ने लोगों को समझाते हुए जाम हटाने के लिए कहा। साथ ही उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद परिजनों ने सर्शत जाम खोला। परिजनों ने पुलिस को सुबह नौ बजे तक सभी आरोपियों की गिरफ्तारी का अल्टीमेटम दिया। गिरफ्तारी नहीं होने पर दोबारा जाम लगाने की चेतावनी भी दी।
पुलिस ने दर्ज की थी गुमशुदगी की रिपोर्ट
लाखनमाजरा निवासी हरदीप ने थाने में रिपोर्ट दी थी। इसमें कहा गया है कि उसका बड़ा बेटा हिमांशु तीन अगस्त को शाम करीब साढ़े पांच बजे निकला था। बगैर किसी को बताए घर से गया युवक वापस नहीं लौटा। उसने काले रंग की कमीज व लोअर पहना था। इसके बाद से पुलिस युवक की तलाश कर रही थी।
बेल से मारा, हाथ के कड़े से पहचाना
मौके से पुलिस ने एक बेल बरामद की है। माना जा रहा कि हत्यारों ने हिमांशु को बेल से मौत के घाट उतारा है। इसके अलावा कंकाल का भी कुछ ही हिस्सा मिल पाया है। इसमें खोपड़ी, एक हाथ व कुछ अन्य हडि्डयां शामिल हैं। मौके से मिले इस हाथ में एक कड़ा मिला है। इसी से परिजनों ने हिमांशु के कंकाल की पहचान की। इसके अलावा उसके कपड़े व बाइक भी झाड़ियों से ही बरामद हुई है। हिमांशु 12वीं के बाद शहर में एक वकील के पास काम सीखने के लिए जाता था।
थाना इलाके से लापता युवक का कंकाल हथवाला से मिला है। शव के पास से हिमांशु की बाइक भी मिली है। पुलिस मामले में कार्रवाई कर रही है। लोगों ने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर सड़क पर जाम लगा दिया था। इसे खुलवा दिया गया है। जल्द ही आरोपी गिरफ्तार कर लिए जाएंगे।
-निरीक्षक सुरेश कुमार, प्रभारी, लाखनमाजरा थाना।