हर माह मिल रहे पांच से सात लावारिस शव
जिले के अंदर हर माह पांच से सात लावारिस शव मिल रहे हैं, जिनका नगर निगम द्वारा अंतिम संस्कार किया जाता है। सबसे ज्यादा शव आईएमटी व शिवाजी कॉलोनी थाना क्षेत्र में मिलते हैं। क्योंकि जवाहर लाल नेहरू कैनाल व भालौठ ब्रांच में शव बहकर पीछे से आते हैं। राजीव गांधी चौक के नजदीक दोनों नहरों का पुल नीचे होने के कारण शव कचरे के अंदर अटक जाते हैं। कई शव ऐसे हैं, जिनकी लंबे समय बाद भी पहचान नहीं हो पाती।
यह था मामला
बुधवार को जनस्वास्थ्य विभाग के ठेकेदार के कर्मचारी हिसार रोड पर ड्रेन नंबर आठ के पास सिंहपुरा की तरफ जाते समय बिछी सीवर लाइन की सफाई कर रहे थे। वहां कर्मचारियों को बदबू आ रही थी। गहराई से जांच की तो सीवर लाइन के अंदर तीन शव मिले। मामले की सूचना पुलिस को दी गई। सिटी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को बाहर निकालकर पीजीआई पहुंचाया।
शवों का पोस्टमार्टम करवा दिया गया है, लेकिन शिनाख्त नहीं हो सकी है। सैंपल गांव के युवक को दोबारा बुलाया गया, लेकिन वह अब भी शव पहचानने से इनकार कर रहा है। अभी पता चला है कि शिवाजी कॉलोनी थाना एरिया से भी एक महिला व दो बच्चे लापता हैं। वे बिहार के रहने वाले हैं। उनके परिजनों को सूचित किया गया है। साथ ही अज्ञात के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर जांच पड़ताल कर रहे हैं। - इंस्पेक्टर देशराज, प्रभारी सिटी थाना